Wednesday, June 26, 2019 11:54 AM

अब आग लगाई तो शामत आई

ऊना—ऊना जिला में अगर किसी ने आग लगाई तो समझो उसकी शामत आई। आग लगाने वाले को वन विभाग की ओर से पांच हजार जुर्माना लगाया जाएगा। जबकि जंगल में आग लगाने वाले के विरुद्ध सजा का भी प्रावधान है। ऐसे आदेश ऊना में गर्मी का तापमान बढ़ने से आग की घटनाएं घटने के मद्देनजर वन विभाग की ओर से जारी किए गए हैं। वन विभाग ने सार्वजनिक तौर पर जिला में हिदायत जारी करते हुए कहा है कि कोई भी व्यक्ति अपने मिलकीयती भूमि या घासनी को साफ-सफाई के समय आग न लगाएं। अगर आग लगानी है तो इसकी सूचना पहले अपने क्षेत्र के फोरेस्ट गार्ड, वन खंड अधिकारी सहित अन्य अधिकारियों को दंे। यदि फिर भी कोई व्यक्ति अपने मिलकीयती रकबे व घासनी में विभाग की बिना अनुमति लिए आग लगाता है तो ऐसे व्यक्ति के विरुद्ध हिमाचल प्रदेश वन अग्नि अधिनियम के तहत पांच हजार रुपए प्रति कनाल का जुर्माना किया जाएगा। इतना ही नहीं यदि कोई व्यक्ति सरकारी जंगल में आग लगाते पकड़ा गया तो ऐसे व्यक्ति के विरुद्ध भारतीय वन अधिनियम 1927 के अंतर्गत सजा व जुर्माना दोनों हो सकते हैं। वन विभाग ने आग से संबंधित सार्वजनिक अपील जारी की है। इसमें तमाम ग्राम पंचायतों के प्रधानों, महिला मंडलों, युवक मंडलों को भी आग की स्थिति में सूचना देने व वन कर्मचारियों का आग बुझाने में सहयोग करने का आग्रह किया गया है। उन्होंने कहा कि अगर किसी को भी अपने निकटतम क्षेत्र में आग लगी दिखाई दे तो तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को दें। आग से संबंधित आम लोगों को जागरूक करने के लिए गगरेट खंड की पंचायत मवा सिंधिया, हरोली क्षेत्र की पंचायत कांगड़, कुटलैहड़ के रायपुर मैदान व अन्य सार्वजनिक स्थानों पर लोगों को जानकारी दी गई। इस मौके पर विभाग की ओर से आग पर जागरूकता के इश्तेहार भी बांटे गए।  डीएफओ ऊना यशुदीप सिंह ने कहा कि ऊना में आग की घटनाएं घटने के दृष्टिगत लोगोें को जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर कोई विभाग से अनुमति लिए बगैर आग लगाता है तो ऐसे व्यक्ति के विरुद्ध सजा व जुर्माने का प्रावधान है।