Monday, November 19, 2018 12:21 AM

आय से अधिक संपत्ति मामला : धूमल को क्लीनचिट

स्टेट विजिलेंस की रिपोर्ट के आधार पर जयराम सरकार ने बंद करवाई जांच

शिमला— आय से अधिक संपत्ति मामले में पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को क्लीन चिट मिल गई है। स्टेट विजिलेंस एंड एंटी क्रप्शन ब्यूरो ने उनके खिलाफ दर्ज शिकायत को खारिज करने का मामला राज्य सरकार को भेजा था। जयराम सरकार ने विजिलेंस की रिपोर्ट के आधार पर जांच बंद करने की अनुमति दे दी है। वीरभद्र सरकार के समय पूर्व मुख्यमंत्री प्रो. धूमल के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति की शिकायत की गई थी। इस आधार पर स्टेट विजिलेंस ने उनके खिलाफ जांच रोकी थी। करीब चार साल तक की जांच के बावजूद प्रेम कुमार धूमल के खिलाफ लगाए आरोपों की पुष्टि नहीं हो सकी है। जांच में पाया गया कि प्रेम कुमार धूमल के नाम से अपनी आय के अनुसार ही संपत्तियां मौजूद हैं। बहरहाल जयराम सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को विजिलेंस के इस मामले में बहुत बड़ी राहत मिली है। विजिलेंस जांच में बेदाग निकले पूर्व मुख्यमंत्री के इस मामले से अब सांसद अनुराग ठाकुर को लोकसभा चुनावों में लाभ मिल सकता है। उल्लेखनीय है कि वीरभद्र सरकार के समय सांसद अनुराग ठाकुर के खिलाफ एक के बाद एक कई केस दर्ज हुए थे। इसके अलावा एचपीसीए मामले में उनके पिता प्रेम कुमार धूमल के खिलाफ भी केस बनाया गया था। इसमें प्रशासनिक अधिकारियों के विरुद्ध भी एफआईआर दर्ज हुई हैं। आधिकारिक सूत्रों का कहना है कि इस मामले में धूमल परिवार न्यायालय से ही न्याय चाहता है। इन परिस्थितियों में धूमल के विरुद्ध एकमात्र विजिलेंस जांच का मामला लंबित पड़ा था। अब इसमें स्टेट विजिलेंस ब्यूरो से क्लीन चिट मिलने के बाद धूमल को राजनीतिक लाभ मिलना तय है। उल्लेखनीय है कि लोकसभा चुनावों में इस बार अनुराग ठाकुर विरोधियों के निशाने पर रहेंगे। वीरभद्र सरकार में अपने विरुद्ध दर्ज हुए आपराधिक मामलों को अनुराग ठाकुर ने वर्ष 2014 से लोकसभा इलेक्शन में चुनावी मुद्दा बनाया था। जीत की हैट्रिक जमा चुके अनुराग ठाकुर के लिए यह चुनाव पहले के मुकाबले सबसे खास रहेगा। अनुराग ठाकुर की जीत का सेहरा अब तक उनके पिता के सिर बंधता रहा है। लिहाजा इस बार की जीत अनुराग ठाकुर का सियासी कद बेहद ऊंचा कर सकती है। हालांकि प्रदेश की राजनीति से अचानक बाहर हुए प्रेम कुमार धूमल के प्रति सहानुभूति का फायदा इस बार भी अनुराग ठाकुर को मिल सकता है। यही कारण है कि विजिलेंस जांच में क्लीन चिट मिलना धूमल परिवार के लिए बहुत बड़ा सियासी लाभ साबित होगा।