Wednesday, April 24, 2019 05:57 AM

आशीष देने निकले भोले बाबा-माता पार्वती

भुंतर—देवभूमि कुल्लू के भुंतर के साथ लगते जीया में गत देर रात देवता बिजली महादेव ने छोटे-छोटे बच्चों के साथ आंख मिचौनी खेली। जीया में बीरशू उत्सव का आगाज देवता और बच्चों के बीच हुए इस अनूठे खेल के साथ हुआ। मिली जानकारी के अनुसार बिजली महादेव की पहाड़ी के दुर्गम रास्तों से होकर देवता के रथ को रस्सों के सहारे हारियानों ने जीया में पहुंचाया। यहां पहुंचने पर कुछ बच्चे अनजान जगहों पर छिप गए तो इसके बाद देवता ने इन बच्चों को ढंूढने का अभियान आरंभ कर दिया। जानकारी के अनुसार कुछ ही देर में देवता ने बच्चों को खोज निकाला। मिली जानकारी के अनुसार हर साल यहां पर होने वाले मेले में बच्चों के साथ बिजली महादेव इस प्रकार की आंख मिचौनी खेलते हैं। बीरशू उत्सव के दूसरे दिन जीया में देव गतिविधियों को पूरा किया गया। बड़ी तादाद में हारियान यहां पर दर्शनों के लिए उमड़े। इसके अलावा गांव में इस दौरान धूप पीने की रस्म को भी निभाया गया जिसमें देवता ने सभी हारियानों को आशीष दिया। देवता के कारदार अमर नाथ जंबाल के अनुसार देवता का हारियान क्षेत्र का दौरा आरंभ हो गया है और इसी के तहत जीया में देव कार्यक्रम पूरा हुआ। सोमवार को देवता के दरबार में भक्तों की भीड़ उमड़ी और देवता का आशीर्वाद लिया। मेले के तहत रंगारंग कार्यक्रमों का आयोजन भी आयोजकों द्वारा करवाया जा रहा है साथ ही कुल्लवी नाटी पर भी हारियान थिरके। देवता के कारकूनों ने बताया कि करीब एक माह का हारियान क्षेत्र के लिए देवता का दौरा आरंभ हो गया है। जीया के बाद देवता मौहल क्षेत्र और अंत में खराहल धाटी मं पहुंचेगा और एक माह के बाद मंदिर में देवता लौटेंगे। इस दौरान देवता विभिन्न स्थानों पर उनके सम्मान में आयोजित होने वाले मेलों में शिरकत करेंगे।

जल्लूग्रां में बीरशू पर झूमी महिलाएं

जिला कुल्लू की पार्वती घाटी के जल्लूग्रां में भी सोमवार को बीरशू उत्सव का आयोजन किया गया जिसमें माता चौगासना के दर्शनों के लिए लोगों की भीड़ उमड़ी। देर शाम को यहां पर लालड़ी नृत्य भी महिलाओं द्वारा पेश किया गया। माता गत दि नही देवालय से बाहर निकली थी इसके बाद माता पार्वती का दौरा भी आरंभ हो गया। माता हारियानों को आर्शीर्वाद देने के साथ मेलों में शिरकत करेगी।