Tuesday, November 12, 2019 08:44 AM

‘उड़ते टैंक’ की कमान हिमाचली गबरू के हाथ

अपाचे उड़ाकर सुंदरनगर के विंग कमांडर क्षितिज ने चौड़ा किया देवभूमि का सीना

मंडी - दुनिया के जिस एडवांस मल्टी काम्बैट हेलिकाप्टर एच 64 ई अपाचे के चर्चे इन दिनों देश भर में हो रहे हैं, उसकी कमान एक हिमाचली के हाथों में है। बुधवार को जिन दो अपाचे हेलिकाप्टर्स को उड़ाया गया, उसमें से एक की कमान मंडी जिला के सुंदरनगर के रहने वाले विंग कमांडर क्षितिज के हाथों में थी। विंग कमांडर क्षितिज एयरफोर्स के हेलिकॉप्टर विंग में तैनात हैं। क्षितिज अपाचे लड़ाकू हेलिकॉप्टर उड़ाने के लिए अमरीका में एक साल की ट्रेनिंग भी ले चुके हैं। इस ट्रेनिंग के लिए देश भर से केवल आठ लोगों का चयन किया गया था। भारत को अपाचे की सप्लाई से पहले एक बार फिर डेढ़ माह के लिए विंग कमांडर आठ सदस्यीय दल के साथ ट्रेनिंग के लिए यूएसए गए थे। क्षितिज की प्राथमिक पढ़ाई शिमला से हुई है। इसके बाद सैनिक स्कूल सुजानपुर में 1991 में 14वें बैच में उनका दाखिला हुआ। 1998 में पास्ड आउट होकर एनडीए (नेशनल डिफेंस अकादमी) में भर्ती हुए। खास बात यह है कि सैनिक स्कूल सुजानपुर को 14वें बैच के पास आउट होने पर रक्षा मंत्रालय की ओर से ट्रॉफी दी गई थी। यह ट्रॉफी केवल उस सैनिक स्कूल को मिलती है, जहां से सबसे ज्यादा स्टूडेंट एनडीए में जाते हैं। सैनिक स्कूल सुजानपुर को 1998 के बाद यह ट्रॉफी फिर से 2018 में मिली थी। एनडीए से पासआउट होने के बाद क्षितिज का दाखिला एयरफोर्स अकादमी हैदराबाद में हुआ। इसके बाद उनकी पहली पोस्टिंग असम के तेजपुर में हुई। विंग कमांडर क्षितिज अब तक सूरतगढ़, पठानकोट में भी सेवाए दे चुके हैं और यूएन मिशन के तहत एक साल के लिए कांगो भी गए थे। वेलिंगटन स्टाफ कालेज से एडवांस कोर्स भी किया है। 1980 में सुंदरनगर के भोजपुर में रहने वाले सतीश कुमार अवस्थी व तारा देवी अवस्थी के घर जन्मे क्षितिज अवस्थी हिमाचल का सीना चौड़ा कर रहे हैं। क्षितिज अवस्थी के पिता एक्साइज डिपार्टमेंट से अडिशनल कमिश्नर रिटायर हुए हैं। पत्नी ईरा अवस्थी हाउस वाइफ हैं और इनकी दो बेटियां हैं। क्षितिज के पिता सतीश कुमार अवस्थी बताते हैं कि यह उनके लिए गौरव का विषय है कि जिन दो अपाचे हेलिकॉप्टर को उड़ाया गया, उनमें से एक उनका बेटा उड़ा रहा था।

चीता भी उड़ा चुके हैं क्षितिज

विंग कमांडर क्षितिज एमआई-35 फाइटर हेलिकाप्टर के अलावा कभी भारतीय एयरफोर्स शान रहे चीता हेलिकॉप्टर भी उड़ा चुके हैं। क्षितिज ने इंस्ट्रक्टर का कोर्स मद्रास से किया।