Monday, September 16, 2019 07:39 AM

ऊना में काम के बोझ में दबा आरटीओ आफिस

ऊना - आरटीओ कार्यालय के कर्मचारी इन दिनों दफ्तर में अतिरिक्त कार्य का बोझ झेल रहे हैं। आरटीओ कार्यालय इन दिनों कर्मचारियों कीसमस्या से जूझ रहा है। आरटीओ कार्यालय ऊना में कर्मचारियों के खाली पदों की समस्या विकराल रूप धारण कर चुकी है, लेकिन इस समस्या के समाधान के लिए सरकार की ओर से कोई भी उचित कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। इसके चलते समस्या आए दिन बढ़ती ही जा रही है। आरटीओ कार्यालय में तीन क्लर्कों की कमी चल रही है। यदि इन पदों को भर दिया जाता है तो समस्या का समाधान हो सकता है। वहीं, अहम बात यह है कि बैरियर में तैनात कर्मियों को भी खाली पदों की समस्या से दो चार होना पड़ रहा है। बैरियर पर तैनात दो-दो कर्मियों को कई बार मजबूरी में 24-24 घंटे तक भी ड्यूटी देनी पड़ती है। यही नहीं दस से बारह घंटे डयूटी देना भी मजबूरी बना हुआ है। आरटीओ कार्यालय में वर्तमान में चार कर्मचारी तैनात हैं। आरटीओ कार्यालय ऊना में वर्तमान में आरटीओ के अलावा सुपरिंडेंट, दो सीनियर असिस्टेंट, कैशियर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। हालांकि कुछ दिन पहले यहां पर कर्मचारियों की संख्या पांच थी। लेकिन कार्यालय में आउटसोर्स पर तैनात कर्मी ने भी अपनी नौकरी से किनारा कर लिया है। इसके चलते अब यहां पर कर्मियों की संख्या चार ही रह गई है। इसके चलते आरटीओ कार्यालय के कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं। हालांकि जैसे तैसे काम चलाया जा रहा है, लेकिन यहां पर आने वाले आपरेटरों को भी समस्या झेलनी पड़ती है। वहीं, इस समस्या के चलते अधिकारी को निरीक्षण पर जाना भी मुश्किल ही हो जाता है। यहां तक कई बार निरीक्षण के दौरान तो आरटीओ को स्वयं कार्य करना पड़ता है। वहीं, निरीक्षण के दौरान चालान काटने के लिए भी आरटीओ कार्यालय के पास कर्मचारी नहीं होता है। इसके चलते आरटीओ कार्यालय इन दिनों भरपूर समस्याओं से जूझ रहा है। हालांकि खाली पदों को लेकर समय-समय पर उच्च अधिकारियों से पत्राचार होता है, लेकिन उसके बावजूद भी इन पदों को नहीं भरा जा रहा है। इसके चलते समस्या बढ़ती ही जा रही है। उधर, इस बारे में आरटीओ ऊना एमएल धीमान ने बताया कि कार्यालय में खाली पदों के बारे में उच्च अधिकारियों को अवगत करवाया गया है, ताकि इन पदों को जल्द से जल्द भरा जा सके।