ऋषि कुमार शुक्ला को सीबीआई की कमान

ऋषि कुमार शुक्ला ने सोमवार को सीबीआई डायरेक्टर का चार्ज संभाला। उन्हें शनिवार को सरकार ने नियुक्त किया था। मध्यप्रदेश के पूर्व पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) शुक्ला 1983 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं।  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुआई वाली चयन समिति में शामिल कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर नियुक्ति पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने कहा है कि शुक्ला को भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों की जांच का अनुभव नहीं है। हालांकि, पीएमओ में राज्य मंत्री जितेंद्र कुमार ने कहा था, सीबीआई निदेशक के तौर पर शुक्ला का चयन सभी मानकों को ध्यान में रखकर किया गया है। खड़गे का दावा तथ्यों से परे है। कांग्रेस नेता अपने पसंदीदा अफसर की नियुक्ति के लिए चयन प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। पूर्व डायरेक्टर आलोक वर्मा को सीवीसी की रिपोर्ट पर 23 अक्तूबर, 2018 को छुट्टी पर भेज दिया गया था। हालांकि, इसी साल 9 जनवरी, को सुप्रीम कोर्ट ने वर्मा की बहाली के आदेश दिए थे। लेकिन, इस आदेश के बाद प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली उच्चस्तरीय समिति ने वर्मा को सीबीआई से हटा दिया था। उन्हें फायर सर्विस, सिविल डिफेंस और होम गार्ड्स का डीजी बनाया गया था। वर्मा ने इस पद को स्वीकार करने से इनकार करते हुए इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद अंतरिम सीबीआई चीफ  का जिम्मा एम नागेश्वर राव संभाल रहे थे।

ग्वालियर के निवासी हैं नए सीबीआई प्रमुख

शुक्ला मूलतः ग्वालियर के रहने वाले हैं। उनकी शुरुआती पोस्टिंग सीएसपी रायपुर हुई। वे दमोह, शिवपुरी और मंदसौर जिले के एसपी रहे। इसके अलावा 2009 से 2012 तक एडीजी इंटेलिजेंस भी रह चुके हैं। जुलाई, 2016 से जनवरी, 2019 तक मध्यप्रदेश के डीजीपी थे। राज्य में कांग्रेस सरकार आने के बाद उन्हें मप्र पुलिस हाउसिंग बोर्ड का चेयरमैन बनाया गया था।

Related Stories: