Monday, October 21, 2019 07:48 AM

कब होंगी बेटियां सुरक्षित

 राजेश कुमार चौहान

आने वाले समय में उन्नाव दुष्कर्म मामले में यह देखना होगा कि सरकार और कानून दोषियों को सख्त सजा दे पाएंगे या फिर यह मामला भी तब ठंडा पड़ जाएगा, जब मीडिया इससे अपना ध्यान हटा लेगा। उन्नाव कांड में एक राजनीतिक पार्टी के व्यक्ति का नाम आने से देश के आमजन के बीच यह गलत संदेश गया है कि देश की राजनीति में नैतिकता का पतन हो चुका है और अपराध राजनीति की छत्रछाया में पल रहा। बहुत ही शर्मनाक है कि आजाद भारत में बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। यह सब सरकारों के लड़कियों की सुरक्षा के दावों की झूठी पोल खोलती हैं। उन्नाव में लड़की के साथ जिन दरिंदों ने घटिया हरकत की है,  उन्हें कड़ी सजा मिलनी चाहिए।