Monday, October 21, 2019 12:19 AM

कांगड़ा के सौंदर्यीकरण की कवायद ठंडे बस्ते में

मंदिर ट्रस्ट ने निफ्ट के सहयोग से शुरू की थी योजना

कांगड़ा -माता बज्रेश्वरी देवी मंदिर ट्रस्ट ने  नेशनल इंस्टीच्यूट ऑफ फैशन टेक्नोलॉजी सेंटर निफ्ट के सहयोग से कांगड़ा के सौंदर्यीकरण को लेकर जो कवायद शुरू की थी वो ढीली पड़ गई है। इस दौरान मंदिर ट्रस्ट की बैठकें जरूर हुई, लेकिन इस योजना पर अमलीजामा नहीं पहनाया जा सका । लोगों का कहना है कि अगर ऐसी योजनाओं को हकीकत में नहीं लाना है, तो फिर खाका तैयार ही क्यों किया जाता है । इस योजना के तहत शक्तिपीठ के अनुरूप शहर के दीवारों पर वाल पेंटिंग होनी थी और स्मारिका शॉप भी बननी  थी, लेकिन उस दिशा में कुछ भी सकारात्मक हो नहीं पाया। एक साल पहले इस योजना का खाका तैयार किया गया था। बाकायदा मंदिर प्रशासन और निफ्ट ने इसके लिए कांगड़ा के बुद्धिजीवियों और कारोबारियों से बैठके कर सुझाव भी मांगे थे । दस लाख रुपए की लागत से बनने वाले इस प्रोजेक्ट को अपना कांगड़ा नाम दिया गया था । हालांकि इसकी वेबसाइट तैयार कर ली गई, लेकिन बाकी के कार्यों में  कोई प्रगति नहीं हो पाई है । उल्लेखनीय है कि मंदिर प्रशासन ने निफ्ट के साथ एक एमओयू साइन किया था जिसके तहत धार्मिक पर्यटकों को कांगड़ा की तरफ  आकर्षित करने के लिए सौंदर्यीकरण किया जाना था।  योजना का जो खाका तैयार किया गया था उसके मुताबिक इस कार्य में निफ्ट संस्थान के प्रशिक्षु छात्र-छात्राएं स्थानीय आर्टिस्टों की मद्द से कांगड़ा का सौंदर्यीकरण करना था। प्रोजेक्ट के अंतर्गत शहर के सौंदर्यीकरण के साथ-साथ स्मारिका शॉप भी खोली जानी थी। जहां माता ब्रजेश्वरी देवी से संबंधित टी-शर्ट व अलग से डिजाइन की गई चुन्नी शुरुआती दौर में बना कर श्रद्धालुओं को दिए जाने की बात कही गई थी। योजना के तहत इसके अलावा भी कई उत्पाद तैयार किए जाने थे। इसके पीछे मकसद यही था कि ऐसे उत्पादों को श्रद्धालु यादगार के रूप में अपने साथ ले जाएं। मंदिर में संग्रहालय का निर्माण कर यंहा पुरानी कलाकृतियों को सहेज कर रखा जाना भी इस योजना का हिस्सा था, ताकि यहां आने वाले श्रद्धालु कांगड़ा के इतिहास व संस्कृति से परिचित हो सकें। जहां तक वेबसाइट का सवाल है, तो इस वेबसाइट के जरिए मां के भक्तों को इतिहास, पुरातत्व व संस्कृति की जानकारी के अलावा यहां की पूजा पद्धति अन्य गतिविधियां व यहां होने वाले कार्यक्रमों की जानकारी मुहैया करवाई गई है।