Monday, January 27, 2020 02:44 AM

कांगड़ा में भाजपा के भीतर मचा घमासान

उपचुनाव से पहले मंत्रियों की सक्रियता न होने को लेकर उठने लगे मुद्दे

धर्मशाला-प्रदेश के सबसे बड़े जिला कांगड़ा के पालमपुर, ज्वालाजी और देहरा के बाद अब अन्य विस क्षेत्रों में भी कार्यकर्ताओं की नाराजगी सामने आने लगी है। लंबे समय से जिला में कार्यकर्ताओं की पीड़ा सुनने वाला कोई नहीं हैं। मात्र मंत्रियों एवं विधायकों के करीबी लोगों की ही सुनवाई हो रही है। वर्षों से पार्टी के साथ जुड़े एवं काम करने वाले कार्यकर्ता अनदेखी से अंदर अंदर ही घुटने लगे थे। उन्हें न तो अपनी बात रखने का मंच मिल रहा था और न ही कोई नेता। लेकिन पालमपुर और ज्वालामुखी में हुई घटना के बाद अब अन्य विस क्षेत्रों में भी धीरे धीरे विरोध के स्वर मुखर होने लगे हैं। देहरा में रविंद्र रवि सहित अन्य क्षेत्रों केे नेता भी अपना अपना रोष पार्टी हाइकमान के समक्ष  रख रहे हैं। ऐसे में कांगड़ा जिला मुख्यालय धर्मशाला में होने वाले उपचुनाव से पहले बीजेपी डैमेज कंट्रोल के लिए किस तरह से प्रयास करती है, यह देखने वाली बात होगी। धर्मशाला उपचुनाव के लिए रविवार को भाजपा का पहला बड़ा कार्यक्रम त्रिदेव सम्मलेन के रूप में होने जा रहा है। जिसमें भाजपा ने बूथ अध्यक्ष बूथ पालक और बीएलए सहित पार्टी के अन्य पदाधिकारियों को बुलाया है। टिकार्थी भी अपने-अपने स्तर पर नए लोगों को जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन चुनावों से ठीक पहले उपजे विवाद के बाद जिला के अन्य नेताओं पर भी अब नाराज कार्यकर्ताओं को सवाल उठाने का मौका मिल गया है।

चुनिंदा दिनों में सुधारने होंगे हालात

प्रदेश भाजपा व सरकार के पास अब धर्मशाला उपचुनाव के लिए हालात सुधारने को गिने चुने दिन हैं। कुछ दिनों के बाद मानसून सत्र शुरू हो जाएगा और उसके तुरंत बाद आचार सहिंता लग जाएगी। ऐसे में सरकार को गलतियां सुधारने के लिए भी अधिक समय नहीं मिल पाएगा।