Tuesday, June 02, 2020 10:41 AM

कॉफी हाउस के अंदर नहीं सज रही महफिल

शिमला - शिमला की प्रसिद्ध इंडियन कॉफी हाउस खुलने से शहरवासियों को काफी राहत मिली है। यह कॉफी हाउस शहर के सीनियर सिटजन का यह पसंदीदा स्थान है। यह कॉफी हाउस खूल तो गया है लेकिन कॉफी का आनंद अंदर बैठ कर नहीं ले पा रहे हैं। ऐसे में लोगों को काफी निराशा हो रही है। लेकिन काफी हाउस के मैनेजर का कहना है कि सामाजिक दूरी को बरकरार रखने को लेकर हाउस के अंदर ग्राहकों को बैठने नहीं दिया जा रहा है। गौर रहें कि शिमला में अब दुकानें आठ घंटे के लिए खुलेंगी। कर्फ्यू की बीच ढील के समय में एक घंटे का इजाफा किया गया है। हालांकि, यहां ज्यादा छूट नहीं दी गई है। शिमला के मॉल रोड पर दुकानें खुल गई हैं। लॉकडाउन के चलते पिछले 23 मार्च से कॉफी हाउस बंद था। हालांकि, अब कॉफी हाउस  खुल गया है, लेकिन, भीतर बैठकर खाने-पीने की इजाजत नहीं है। लोगों को मिट्टी के कप की जगह डिस्पोजेबल कप में कॉफी दी जा रही है। इस कॉफी हाउस के अंदर एक समय ऐसा था जब लोगों की भीड़ रहती थी। बैठने के लिए जगह नहीं मिलती थी। ऐसे में लोगों की इस कॉफ ी हाउस काफी गहरी यादें जुड़ी है। इसके खुलने से जहां उन्हें खुशी है वहीं निराशा भी है कि इसके खोलने के बाद भी वह आराम से हाउस के अंदर बैठ कर कॉफी की चुस्कियां नहीं ले पा रहे हैं। हाउस के अंदर बहुत से लोग बेठ सकते हैं ऐसे में सामाजिक दूरी को बनाए रखने में कुछ एक दिक्कतें आ सकती है। इसी को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है कि इस आउस के अंदर ग्राहकों को नहीं आने दिया जाएगा। यहां के जो ग्राहक है जो यहां का खाना पसंद करते हैं और कॉफी पीना पसंद करते हैं वह बाहर से ही ले सकते है। वहीं से वापस जा सकते है। ऐसा इसलिए किया गया है ताकि कोरोना का संकट फैला है उसे देखते हुए लिया गया है। वहीं बता दे कि इस कॉफी हाउस के न खुलने से लगभग पांच करोड़ का नुकसान हुआ है। कॉफी हाउस के मैनेजर भगत राम ने बताया कि काफी हाउस सोसायटी करोड़ों का नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों की सैलरी में दो से तीन करोड़ रुपए दिए जाते हैं। अब खर्चा वही है, जबकि इन्कम फिलहाल जीरो है। उन्होंने बताया कि लोगों ने मांग कि है कि काफी हाउस में बैठने की इजाजत दी जाए। मौजूदा समय में 44 कर्मचारियों में से छह ही ड्यूटी पर बुलाए हैं व सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा ख्याल रखा जा रहा है।

मोदी भी हैं कॉफी हाउस के दिवाने इस कॉफी हाउस के दिवाने पीएम नरेंद्र मोदी भी है। जितनी बार भी वह शिमला आते हैं यहां पर आ कर कॉफी की चुस्कियां लेन नहीं भूलते। बता दे कि हिमाचल में नए सरकार के गठन पर 27 दिसंबर 2017 में जब मोदी शिमला आए थे तो उन्होंने कॉफी हाउस के सामने अपना काफिला रुकवाकर यहां कॉफी का आनंद लिया था। इंडियन कॉफी हाउस में कॉफी बनाने के लिए बैंगलुरु से कॉफी बीनस आते हैं। टूरिस्ट सीजन में यहां रोजाना सवा लाख रुपए सेल होती है। यहां एक दिन में 700 से 800 कप कॉफी बनाई जाती है।