Wednesday, July 08, 2020 01:02 PM

कोरोना काल में एक रुपया पगार लेंगे विधायक सुक्खू, विधानसभा अध्यक्ष को सौंपा पत्र, पूरा वेतन जनता की सेवा में लगाने का किया आग्रह

शिमला - कोविड वैश्विक महामारी के दौरान चल रही परिस्थितियों के बीच नादौन के विधायक सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने एक रुपए वेतन लेने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि उनका शेष पूरा वेतन लोगों की सेवा में लगाया जाए। इसको लेकर सुक्खू ने एक पत्र विधानसभा के अध्यक्ष विपिन सिंह परमार को सौंपा है, जिनको कहा है कि वह सुनिश्चित करें कि उनका वेतन कोविड के दौरान जरूरत के हिसाब से जनता की सेवा में लगे। बता दें कि इससे पहले सुक्खू ने कोरोना योद्धाओं को एन-95 मास्क का वितरण किया था और उससे पूर्व हमीरपुर अस्पताल के लिए एक मशीन भी खरीदने को लाखों रूपए दिए हैं। अब उन्होंने वेतन में से मात्र एक रुपया लेने की घोषणा  की है। वैसे सरकार ने विधायकों के वेतन से कोविड फंड में कटौती की है। वहीं, उनकी निधि में भी कट लगा है, मगर इसके अलावा जनता की मदद को आगे आने वाले गिने चुने लोग ही हैं। ऐसे में सुक्खू लगातार कुछ ऐसा करने की कोशिश कर रहे हैं, जिससे कोविड में सरकार व जनता की मदद हो सके। बता दें कि उनसे पहले विद्या स्टोक्स ऐसी नेता रही हैं, जो वेतन नहीं लेती थीं और एक रुपया ही वेतन से उनको अदायगी की जाती थी। सुक्खू ने अपने पत्र में लिखा है कि दिसंबर, 2020 या फिर जब तक कोविड महामारी रहेगी, तब तक वह अपना मूल वेतन प्रदेशवासियों की सेवा में देने को तैयार हैं। गौर हो कि कोरोना से जूझ रहे प्रदेश में लोग भी अपनी ओर से सीएम कोविड फंड में अंशदान कर रहे हैं। ऐसे में विधायक सुखविंद्र सुक्खू की पहले दूसरे नेताओं को भी प्रेरित कर सकती है।

प्रदेश के दूसरे नेता भी लें सुक्खू से सीख

सुक्खू ने कहा कि इस समय समाज और लोगों को जरूरत है, जिनकी मदद जनसेवकों को करनी चाहिए। सरकार कोविड से लड़ रही है और उसे वित्तीय संसाधनों की जरूरत है। इसलिए उन्होंने अपना पूरा वेतन लोगों की सेवा के लिए देने का निर्णय लिया है। उन्होंने दूसरे जनसेवकों के लिए भी यह उदाहरण पेश किया है, जिन्होंने अभी तक शायद ही कोविड फंड में भी कुछ दिया हो।