Monday, April 06, 2020 04:21 PM

क्राफ्ट विलेज के तौर पर विकसित होगी नाहन फाउंडरी

नाहन - सिरमौर रियासत के ऐतिहासिक स्मारकों में नाहन फाउंडरी का नाम भारत के साथ विदेशों में भी यहां के उम्दा उत्पादों को लेकर विख्यात रहा है। उत्पादों के अलावा रियासत के लोगों को महाराजा सिरमौर शमशेर प्रकाश ने रोजगार मुहैया करवाने के लिए भी यह कारखाने उस जमाने में स्थापित किया। नाहन फाउंडरी वर्तमान में खंडहर के रूप में लोक निर्माण विभाग के पास मौजूद हैं। सिरमौर के उन्नतिशील महाराजा शमशेर प्रकाश ने नाहन में यह नाहन में यह कारखाना 1864 में  एक छोटी इकाई के रूप में शुरू किया था। जिसके लिए उन्होंने रियासत के लोहारों के रूड़की में विशेष तौर पर टे्रनिंग के लिए भेजा था। ट्रेनिंग के बाद यहां पर इकाई की स्थापना के साथ ही लोहे से बने उत्पाद का निर्माण होने लगा। जिनमें नाहन फाउंडरी की गन्ना पिसने की सुल्तान मशीन को आज की पीढ़ी द्वारा भी याद किया जाता है। इसके अलावा यहां पर बनी अनार कली रैलिंग को बड़े ही सम्मान के साथ सरकारी भवनों और स्मारकों मे स्थापित कर शोभा बढ़ाई जाती रही है। जानकार बताते है।