Thursday, July 16, 2020 09:17 PM

क्वारंटाइन डेस्टिनेशन बनाकर बूस्ट करेंगे टूरिज़्म

सीएम बोले; कोरोना से निपटने के बाद प्रस्ताव पर करेंगे विचार, प्रोटोकॉल के तहत होगी प्लानिंग

शिमला - मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि कोविड संकट के बाद हिमाचल प्रदेश को क्वारंटाइन डेस्टिनेशन बनाने का सुझाव आया है। उनका कहना है कि प्रदेश व देश में कोरोना का प्रभाव कम होने के बाद इस पर विचार किया जा सकता है। इसके लिए प्रोटोकॉल के तहत प्लानिंग कर यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई स्वस्थ व्यक्ति हिमाचल में मेडिटेशन या तनाव मुक्ति के लिए आना चाहता है, तो इसके लिए हिमाचल के फाटक खोले जा सकते हैं। इसके लिए सभी के कोविड टेस्ट और उनके स्वास्थ्य की जांच प्राथमिकता रहेगी। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का कहना है कि उन्हें देश भर से ये सुझाव मिले हैं कि आगे चलकर हिमाचल के पर्यटन को बूस्ट करने के लिए यह अच्छी पहल हो सकती है। मुख्यमंत्री का कहना है कि वास्तव में यह प्लानिंग निकट भविष्य की है। इसके चलते अगर मौजूदा परिस्थितियां बेहतर हो जाती हैं, तो हिमाचल के पर्यटन को नए सिरे से शुरू करने के लिए लीक से हटकर प्लानिंग हो सकती है। इसका अभिप्रायः यह नहीं था कि देशभर के लोगों को हिमाचल में क्वारंटाइन किया जाए, बल्कि आगे चलकर हिमाचल के प्रति लोगों को आकर्षित किया जाए। सीएम ने कहा कि यह फैसला नहीं, बल्कि प्रोपोजल है और कोरोना संकट समाप्त होने के बाद की तैयारियों का हिस्सा है।

सोशल मीडिया पर तोड़-मरोड़ कर आया सामने

मुख्यमंत्री का कहना है कि यह महज प्रस्ताव है और इस पर सुरक्षा के मानकों के तहत प्लानिंग हो सकती है। बावजूद इसके पहले से ही कई प्रकार की भ्रांतियों को फैलाना अच्छी बात नहीं है। सीएम ने कहा कि कुछ राजनीतिक विरोधी इस प्रोपोजल को भी सोशल मीडिया में तोड़ मरोड़ कर लोगों को उकसा रहे हैं। मुख्यमंत्री का कहना है कि ऐसी संकीर्ण मानसिकता जन विरोधी है। इसे सोशल मीडिया पर इस प्रकार से परोस दिया गया कि हिमाचल में आज से ही इंस्टीच्यूशनल डेस्टिनेशन बना दिया गया है। इससे संक्रमण फैलने की अफवाहें उड़ाकर लोगों की भावनाओं को उकसाया गया।