Wednesday, May 27, 2020 12:03 AM

जनमंच पर फिजूलखर्ची क्यों?

डा. ओ.पी. शर्मा, नौदान, हमीरपुर

जनमंच पर सरकार ने दो करोड़ रुपए खर्च कर डाले हैं। प्रदेश में दस जिलों मे यह कार्यक्रम हुए हैं, जबकि दो जिले लाहौल-स्पीति व किन्नौर में मौसम खराब रहने के कारण कुछ कम ही कार्यक्रम हुए हैं। क्या यह कार्यक्रम इसी रफ्तार से चलते रहेंगे और प्रदेश का बजट इसी प्रकार खर्च करने का सिलसिला जारी रहेगा। जनमंच कार्यक्रम में हो रहे खर्च पर लगाम लगानी होगी। कई स्थानों पर शिकायतकर्ताओं व अभिभावकों के लिए प्रतिभोज का प्रबंध प्रशासन द्वारा किया जाता है। जिलाधीशों को ऐसे नाम धाम व फिजूलखर्ची को रोकना उचित होगा, ताकि ऐसे सरकारी कार्यक्रम दिखावा न बने।                                                                —