जब सर्दी में सताए जोड़ों का दर्द

खास कर ठंड के मौसम में सर्दी-जुकाम, बुखार, गले में खराश, संक्रमण जैसे कई रोग पनपने लगते हैं। सर्दियों के मौसम में हड्डियों और जोड़ों में दर्द की शिकायत आमतौर पर बढ़ जाती है। खासतौर पर बुजुर्ग इससे अधिक जूझते हैं। इससे निजात पाने के लिए चंद सावधानियां रखनी जरूरी हैं...

सर्दियों के मौसम में हर किसी को कोई न कोई हैल्थ से जुड़ी समस्या रहती है। खास कर ठंड के मौसम में सर्दी-जुकाम, बुखार, गले में खराश, संक्रमण जैसे कई रोग पनपने लगते हैं। सर्दियों के मौसम में हड्डियों और जोड़ों में दर्द की शिकायत आमतौर पर बढ़ जाती है। खासतौर पर बुजुर्ग इससे अधिक जूझते हैं। इससे निजात पाने के लिए चंद सावधानियां रखनी जरूरी हैं। आइए जानते हैं कुछ घरेलू टिप्स के बारे में।

सेहतमंद है सुबह की सैर- सुबह की सैर सर्दी के दिनों में ज्यादा फायदेमंद होती है। यह न केवल शरीर को गरमाहट देती है, बल्कि इस मौसम से संबंधित स्वास्थ्य समस्याओं से बचाए रखने में भी सहायक होती है। टहलने से शारीरिक व मानसिक क्षमता भी बढ़ती है और तनाव दूर होता है। जिम में कसरत, चलना, दौड़ना, सीढि़यां चढ़ना या डांस करने से हड्डियां मजबूत होती हैं। बढ़ती ठंड के साथ जोड़ों की समस्या बढ़ने लगती है, इसलिए प्रतिदिन कम से कम 3 किलोमीटर की सैर जरूर करें। इससे हड्डियों को गरमाहट मिलेगी और लचीलापन आएगा। जो लोग ठंड में धूप नहीं सेंकते या व्यायाम नहीं करते उनमें हड्डियों में दर्द की समस्या और अधिक बढ़ जाती है।

कैल्शियम व विटामिन- सर्दियों में पर्याप्त कैल्शियम, विटामिन डी, खनिज व अन्य पोषक तत्त्व मिलने से हड्डियों और जोड़ों में होने वाले दर्द और अन्य समस्याओं से छुटकारा मिलता है। दूध, दही, ब्रोकली, हरी पत्तेदार सब्जियां, तिल, अंजीर, सोया और बादाम का दूध जैसे पौष्टिक खाद्यों को आहार में शामिल कर कैल्शियम की जरूरत पूरी कर सकते हैं। विटामिन डी का सबसे अच्छा स्रोत सूरज की किरणे हैं।

भरपूर आक्सीजन लें- सर्दी के दौरान खून की धमनियां संकुचित हो जाती हैं, जिससे खून का प्रवाह सामान्य ढंग से नहीं हो पाता। शरीर के विभिन्न अंगों तक खून, पानी व आक्सीजन सही मात्रा में नहीं पहुंच पाती है। आक्सीजन की मात्रा में कमी होने पर शरीर की तंत्रिकाओं में तनाव पैदा होता है, जिससे हड्डियों में दर्द का अनुभव होने लगता है। इसके लिए आहार में ऐसे खाद्य पदार्थ शामिल करें जो खून में आक्सीजन की मात्रा को बढ़ाने का काम करते हैं। नियमित रूप से योग व व्यायाम करने से संकुचित धमनियां सामान्य स्थिति में आ जाती हैं, जिससे खून का प्रवाह सामान्य ढंग से होने लगता है।

गर्म पानी से नहाएं- हल्के गर्म पानी से नहाना या गुनगुने पानी से पैरों की सिंकाई जोड़ों को आराम पहुंचाती है। गर्म पानी से नहाने के तुरंत बाद खुले में जाने से बचें। सर्दियों में सरसों या जैतून के तेल से शरीर की मालिश करें। धूप में मालिश करने से दोगुना होगा। अगर किसी खास हिस्से में दर्द है, तो गर्म तेल से मालिश करने से दर्द में आराम मिलेगा और हड्डियों में लचीलापन आएगा।

लगातार बैठे रहते हैं तो- जो लोग कम्पप्यूटर के सामने लंबे समय तक बैठे रहते हैं, उनके जोड़ों में दर्द होना सामान्य है। एक ही जगह पर ज्यादा देर बैठने से हड्डियों में अकड़न आ जाती है, इससे बचने के लिए थोड़ी-थोड़ी देर में उठकर शरीर को स्ट्रेच करें और पैरों में वार्मर पहनें।