Tuesday, February 18, 2020 06:59 PM

जयसिंहपुर चौगान की प्राइम लोकेशन को न छेड़ें

बैडमिंटन, बास्केटबाल और वालीबाल कोर्ट के लिए मार्किंग के बाद उठी मांग, चिन्हित हिस्सों पर लोगों-बार एसोसिएशन ने जताया विरोध

जयसिंहपुर - जयसिंहपुर चौगान में बनाए गए बहु-उद्देश्यीय स्टेडियम  के बचे हुए पैसे से चौगान में विभिन्न खेलों के लिए कोर्ट बनाने व चौगान के चारों तरफ  पेवर ब्लॉक लगाने की विभाग की योजना पर एक बार फिर से सवाल खड़े होना शुरू हो गया है। खेल विभाग द्वारा जयसिंहपुर चौहान  में बने  तहसील कार्यालय के साथ प्रस्तावित बैडमिंटन, बास्केटबाल व वालीबाल कोर्ट के लिए मार्किंग के बाद खेल विभाग द्वारा चिन्हित किए गए चौगान के हिस्सों पर स्थानीय लोगों व जयसिंहपुर बार एसोसिएशन ने कड़ा विरोध जताया है। लोगों का कहना है कि इन कोर्ट का निर्माण उस जगह पर किया जा रहा है, जो  बाजार  व बस स्टैंड के बिलकुल नजदीक है व चौगान की प्राइम लोकेशन है। स्थानीय बार एसोसिएशन के प्रधान वरिष्ठ अधिवक्ता पीसी कौंडल, सुरेश डोगरा, विनोद जग्गी, दिनेश कुमार व योगेश कुमार का कहना था कि जहां यह खेलों के कोर्ट बनाए जा रहे हैं, वह जगह जयसिंहपुर बाजार के बिलकुल नजदीक है और सुबह शाम लोग सर्दियों व गर्मियों में यहां बैठते हैं। उनका कहना था कि प्रस्तावित जगह के पास तहसील भवन के ऊपर  शीघ्र जी सब-जज कोर्ट खुलने जा रहा है। ऐसे में खेल मैदान नजदीक होने से कोर्ट के कामकाज में भी व्यवधान  होगा। उनका कहना था कि चौगान के दूसरे हिस्से में जहां फायर ब्रिगेड का अस्थायी कार्यालय है व उसी से कुछ दूरी पर अस्पताल के पुराने भवन के साथ चौगान की जगह पर लोग कूड़ा-कचरा फेंकते हैं व यह जगह बेकार पड़ी है, उनका कहना था कि यह प्रस्तावित खेल कोर्ट इन्ही जगहों पर बनने चाहिए । स्थानीय लोगों अश्वनी, विकास, सुनील कुमार, देशराज, सुभाष, विनोद, वीरेंद्र, राकेश, रवि व अशोक आदि का कहना था कि जयसिंहपुर चौगान के  सौंदर्यीकरण की बजाय चौगान को कंक्रीट में बदला जा रहा है व सरकारी पैसे का बेवजह दुरुपयोग किया जा रहा है। लोगों का कहना है कि इससे पूर्व भी बहु-उद्देश्यीय स्टेडियम के बचे इसी पैसे से एक गेट का निर्माण किया गया था, लेकिन चौगान की रेलिंग आज भी सही तरीके से पूरी नहीं हो पाई है, जिस कारण आवारा पशु चौगान में घूमते रहते हैं । लोगों ने प्रदेश के मुख्यमंत्री व खेल मंत्री से इस संबंध में उचित कार्रवाई करने की मांग की है, वह सरकारी पैसे को दुरुपयोग से होने से बचाने व चौगान की सुंदरता बढ़ाने व रखरखाव  के लिए बचे हुए पैसे को खर्च करने का आग्रह किया है।