Monday, June 01, 2020 01:54 AM

तीन दिन में दो मुआवजा देने की रिपोर्ट

अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी भरमौर पीपी सिह ने खंड विकास अधिकारी को दिए आदेश

भरमौर-अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी भरमौर पीपी सिह ने खंड विकास अधिकारी को आदेश देते हुए कहा कि जिन पंचायत सचिवों द्वारा भरमौर उपमंडल की विभिन्न पंचायतों में प्राकृतिक आपदा से लोगों के मकानों को हुए नुकसान व अग्नि पीडि़त परिवारों को उचित मुआवजा प्रदान करने की रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की गई है, उनसे स्पष्टीकरण मांगा जाए। दोषी पाए जाने पर विभागीय कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाए और वस्तुस्थिति की रिपोर्ट तीन दिन के भीतर प्रस्तुत की जाए। उन्होंने ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के चालू वित्तीय वर्ष की कार्य योजना को लेकर खंड विकास अधिकारी के साथ चर्चा के दौरान यह आदेश जारी किए। उन्होंने कहा कि उपमंडल में ग्रामीण आर्थिकी को मजबूत करने के लिए ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग की ओर लोगों को घर द्वार पर रोजगार उपलब्ध करवाया जा रहा है। इससे ग्रामीणों की आर्थिकी को भी संबल मिल रहा है। भरमौर उपमंडल में ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग द्वारा 29 ग्राम पंचायतों में लोगों को मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अप्रैल माह से ही भरमौर उपमंडल के सभी ग्राम पंचायतों में मनरेगा के कार्य आरंभ कर दिए गए हैं। 390 मस्टक्त्रोल जारी कर 3900 के करीब लोगों को मनरेगा में नियोजित किया गया है। इस योजना के तहत भूमि सुधार, डंगाबंदी गांव में रास्तों का निर्माण आदि कार्यों को शामिल किया गया है। उन्होंने बताया कि भरमौर उपमंडल की ग्राम पंचायत बड़ग्रां, गरोला, बजोल व भरमौर में जिला हथकरघा उद्योग केंद्र चंबा द्धारा स्वेटर बुनाई तथा खद्दी प्रशिक्षण के लिए चार केंद्र संचालित किए जाएंगे, जिसके लिए जनजातीय उपयोजना के तहत बीस लाख रुपए की धनराशि का द्गावधान किया गया है। प्रत्येक प्रशिक्षण केंद्र में दस लोगों को स्वेटर बुनाई व स्थानीय चादर-पट्टू बनाने का प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण मास्टर को 5000 रुपए तथा प्रशिक्षुओं के लिए एक हजार के करीब मानदेय प्रदान किया जाएगा।