Monday, October 21, 2019 12:12 AM

दिल्ली से सुधरी हिमकेयर कार्ड में आई गलती, इलाज शुरू

‘दिव्य हिमाचल’ के मुद्दा उठाने के बाद रातोंरात करवाया सुधार, मरीज का हुआ सीटी स्कैन

हमीरपुर -डा. राधाकृष्णन मेडिकल कालेज हमीरपुर में इलाज के लिए भटक रहे मरीज के हिमकेयर कार्ड में आई त्रुटि दिल्ली से सुधार दी गई है। ‘दिव्य हिमाचल’ द्वारा प्रबंधन को अवगत करवाने के तुरंत बाद रातोंरात हैल्थ कार्ड की त्रुटियांे के सुधार का कार्य शुरू हो गया। सुबह जब अस्पताल प्रबंधन से हैल्थ कार्ड का स्टेटस पूछा गया, तो पता चला कि गलती को सुधार दिया गया है। यह सुनकर मरीज के तीमारदारों ने राहत की सांस ली। त्रुटि सुधार के बाद मरीज का सीटी स्कैन हुआ। हालांकि परिजनों मेडिकल कालेज की बजाय एक निजी अस्पताल में सीटी स्कैन करवाया, जहां हिमकेयर का कार्ड मान्य है। चाहे जो भी हो मरीज को हैल्थ योजना का लाभ आखिरकार मिल ही गया। बता दें कि एक ही व्यक्ति के दो हिमकेयर कार्ड दर्शा दिए गए। नया बना हुआ कार्ड मरीज को मिल गया था। जब उपचार लेने के लिए पहुंचा तो ऑनलाइन रिकार्ड पुराने कार्ड का दिखाया गया जो दो साल पहले ही एक्सपायर हो गया था। ऐसे में इलाज के लिए मरीज व तीमारदारों को भटकना पड़ा। नए बनवाए गए हिमकेयर कार्ड की वैद्यता जून2020 दर्शायी गई थी, जबकि उपचार लेने अस्पताल पहुंचे तो ऑनलाइन चैक करने पर पता चला कि कार्ड अपडेट नहीं हुआ है। यहां पुराने कार्ड का ही स्टेटस उपलब्ध था, जिसकी वैद्यता 2017-18 थी। हैरत की बात थी कि जब कार्ड अपडेट ही नहीं हुआ, तो ऑनलाइन नया कार्ड कैसे मिल गया। यही नहीं, ऐसे सैकड़ों लोग हैं, जिनका हैल्थ कार्ड लटक गया है। यूआरएन नंबर डालने पर पुराना स्टेटल निकल आता है। ऐसे में उन्हें कार्ड दे पाना संभव नहीं। पुलिस के एक आलाधिकारी का हैल्थ कार्ड भी इसी वजह से नहीं निकल पा रहा है। यूआरएन नंबर डालने पर पुराना रिकार्ड दर्शाया जा रहा है, जबकि नया कार्ड नहीं निकल पा रहा।

तीन महीने से नहीं मिल पाए हिमकेयर के कार्ड

हिमकेयर योजना के लिए तीन महीने पहले ऑनलाइन आवेदन किए गए हैं। तीन महीने इंतजार के बाद भी कई लोगों को हैल्थ कार्ड आज तक नहीं मिल पाए हैं। कार्ड उपलब्ध न होने के कारण उन्हें बीमारी की हालत में आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि उन्होंने हिमकेयर कार्ड के लिए तीन महीने पहले एक हजार रुपए जमा करवाया है। रुपए जमा करवाने के बाद भी कार्ड नहीं मिल पा रहा।