Thursday, October 17, 2019 01:13 AM

परिवार नियोजन शिविर में नहीं पहुंचे विशेषज्ञ

दिनभर इंतजार के बाद निराश होकर घरों को लौटे लोग, स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल

हमीरपुर -जनसंख्या वृद्धि को रोकने और ‘हम दो हमारे दो के बाद हम दो हमारा एक सुंदर और नेक’ जैसे स्लोगनों को चरित्रार्थ करने के लिए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा समय-समय पर परिवार नियोजन शिविरों का आयोजन किया जाता है, लेकिन हैरत तब होती है जब डाक्टर ही इन फैमिली प्लानिंग शिविरों में रुचि नहीं दिखाते। यह एक तरफ जहां सरकार के आदेशों की अवहेलना है वहीं, उन महिला-पुरुषों के साथ मजाक जो कैंपों में तो पहुंच जाते हैं, लेकिन दिन पर विशेषज्ञ चिकित्सक के शिविर में न आने के बाद उन्हें शाम को मायूस लौटना पड़ता है। ऐसा ही आजकल कुछ मजाक हो रहा है हमीरपुर जिला की उन महिलाओं के साथ जो काफी समय से परिवार नियोजन शिविरों का इंतजार कर रहे थे। दरअसल पिछले दिनों जिला स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिलाभर में ब्लॉक वाइज परिवार नियोजन शिविरों की तिथियां घोषित की गईं थीं। 13 सितंबर को भोरंज में और दूसरा 16 सितंबर को नादौन में था। हैरत की बात यह है कि दोनों की शिविरों में आशा वर्कर और हेल्थ वर्कर महिलाओं को लेकर तो पहुंच गईं लेकिन जिन विशेषज्ञ को मेडिकल कालेज हमीरपुर से आपरेशन के लिए आना था वो आए ही नहीं। जबकि ओटीए गए थे, लेकिन विशेषज्ञ की अनुपस्थिति के चलते दोनों ही जगह महिलाओं के आपरेशन नहीं हो पाए। उधर, जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा इस मामले की शिकायत उच्चाधिकारियों से भी की गई है क्योंकि लोग स्वास्थ्य महकमे पर अंगुली उठा रहे हैं। पिछले दो शिविरों में तो गाइनाक्लोजिस्ट की अनुपस्थिति के चलते परिवार नियोजन शिविर सफल नहीं हो पाए हैं। अब 20 सितंबर को बड़सर, 23 को टौणी देवी, 27 को गलोड़ और 30 सितंबर को सीएचसी सुजानपुर में परिवार नियोजन शिविर लगने हैं। इस बारे में अर्चना सोनी, सीएमओ हमीरपुर का कहना है कि ऐज पर डायरेक्शन ऑफ डिपार्टमेंट मेडिकल कालेज से गाइनाक्लोजिस्ट ने आपरेशन करने थे। इसके बारे में बकायदा मेडिकल कालेज प्रशासन को अवगत भी करवाया गया था। लेकिन अभी तक लगे दोनों की शिविरों में विशेषज्ञ नहीं पहुंचे जिसके कारण आपरेशन नहीं हो पाए। हमने दोबारा मेडिकल कालेज को इस बारे में लिखा है और डिपार्टमेंट के उच्चाधिकारियों को इस बारे में अवगत करवा दिया है। इस संदर्भ में अनिल वर्मा एमएस मेडिकल कालेज हमीरपुर का कहना है कि सरकार के आदेश पर टीम बनाई गई है, जिसमें जिला स्वास्थ्य विभाग के साथ मेडिकल कालेज से एक गाइनाक्लोजिस्ट और ओटीए की ड्यूटी भी लगाई गई थी, लेकिन गाइनाक्लोजिस्ट दोनों ही शिविरों में नहीं जा पाए। हमने उन्हें दोबारा लैटर लिखा है कि आप शिविरों में जाएं अन्यथा कोई विकल्प दें, ताकि परिवार नियोजन शिविरों में किसी तरह की रुकावट पैदा न हो।