Tuesday, February 18, 2020 07:05 PM

पांवटा अस्पताल में लगाएं ऑक्सीजन प्लांट

 स्थानीय संस्थाओं ने उठाई मांग, एमर्जेंसी और वार्डों में पाइप फिटिंग कर मरीजों को दी जाए सुविधा

पांवटा साहिब - वैसे तो पांवटा सिविल अस्पताल में नया भवन बनने के बाद से काफी सुविधाएं प्रदान की जा चुकी हैं, लेकिन अभी भी कई कमियां हैं, जिन्हें पूरा किया जाना चाहिए। अस्पताल में अभी भी एमर्जेंसी और वार्डों में ऑक्सीजन के सिलेंडर ढो-ढोकर मरीजों के बैड तक पहुंचाए जाते हैं, जिससे कभी-कभार ऑक्सीजन देने में देरी भी हो जाती है। यही नहीं ऑक्सीजन का बड़ा प्लांट न होने के कारण कभी आपूर्ति पर भी प्रभाव पड़ता है। पांवटा साहिब की सामाजिक कार्यकर्ता समीर शर्मा, एमएस कैंथ, आशा तोमर, सुंदर लाल मेहता, हरविंद्र कुमार आदि का कहना है कि पांवटा साहिब में ओपीडी प्रतिदिन बहुत अधिक रहती है। यहां पर सांस की बीमारी के पेशेंट भी बहुत आते हैं, जिन्हें आए दिन ऑक्सीजन की आवश्यकता रहती है। एक्सीडेंट केस भी यहां पर आए दिन आते हैं। अस्पताल में अभी तक न तो बड़ा ऑक्सीजन प्लांट है और न ही एमर्जेंसी और अन्य वार्डों में ऑक्सीजन पाइप लाइन बिछाई गई है,, जिस कारण पेशेंट के बैड तक ऑक्सीजन सिलेंडर ढोकर लाने पड़ते हैं। इनका कहना है कि सांस के पेशेंट को कब और किस समय अचानक ऑक्सीजन की जरूरत पड़ जाए कह नहीं सकते। ऐसे में यदि बैड के पास पाइप लाइन हो तो जहां स्टॉफ को सुविधा होगी, वहीं मरीजों को भी तत्त्काल ऑक्सीजन उपलब्ध हो सकती है। सूत्रों के मुताबिक हालांकि पांवटा साहिब में एक छोटा ऑक्सीजन प्लांट है, लेकिन यदि यहां पर बड़ा ऑक्सीजन प्लांट बन जाए और हर बैड के पास से ऑक्सीजन पाइप लाइन गुजरे तो मरीजों को अतिरिक्त सुविधा मिल सकेगी और अस्पताल एक ओर उपलब्धि हासिल कर लेगा। गौर हो कि कायाकल्प प्रोग्राम के तहत अस्पताल में कई सुविधाएं मौजूद हो चुकी हैं, लेकिन अभी भी कुछ सुविधाएं नहीं मिल पाई है, जिसमें ऑक्सीजन प्लांट सहित सर्जरी जैसी महत्त्वपूर्ण सुविधाएं शामिल हैं। उधर, इस बारे एसएमओ पांवटा डा. संजीव सहगल ने बताया कि इस बारे में विभाग को प्रपोजल भेजा गया है, ताकि समस्या का समाधान हो सके।