Sunday, March 24, 2019 04:43 PM

पीएचसी बिझड़ी का दर्जा बढ़ा, सुविधाएं नहीं

बिझड़ी  —पीएचसी बिझड़ी को नोटिफाई कर सीएचसी तो कर दिया, लेकिन यहां पर नाम बड़े गांव उज्जड़ की कहावत चरितार्थ हो रही है। लोगों को मिलने वाली सुविधाएं नोटिफिकेशन होने बाद बढ़ने की बजाय कम हो गई हैं। जानकारी के अनुसार पीएचसी से सीएचसी की नोटिफिकेशन होने के बाद यहां पर नए पद सृजित किए जाने थे। इसके चलते तीन डाक्टर, एक फार्मासिस्ट, तीन स्टाफ  नर्स, एक क्लर्क, दो चतुर्थ श्रेणी के नए पद भरे जाने थे, लेकिन नोटिफिकेशन के बाद कई महीने बीत जाने के बाद भी स्थिति सुधर नहीं सकी है। चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों के पद न भरे जाने के कारण रात्रिकालीन व आपातकालीन सेवाएं बुरी तरह से प्रभावित हो रही हैं। अगर ढटवाल के लोगों को आपातकालीन चिकित्सा सहायता लेनी हो, तो बिझड़ी सीएचसी ही उनका एकमात्र सहारा है, लेकिन रात के समय यहां कोई भी डाक्टर उपलब्ध न होने के कारण उनको बड़सर या हमीरपुर जाना पड़ता है। इसके अलावा लैब टेक्नीशियन का पद लंबे समय से रिक्त चला हुआ है, जिससे लोगों को प्राइवेट लैब में टेस्ट करवाकर अपनी जेब ढीली करनी पड़ रही है। ऐसे में यहां पर सीएचसी की सुविधा तो क्या पीएचसी की भी पूरी सुविधाएं लोगों को नहीं मिल पा रही हंै, जिससे लोगों द्वारा सीएचसी की नोटिफिकेशन की खिल्ली उड़ाई जा रही है। स्थानीय लोगों की सरकार व विभाग से मांग है कि इस सीएचसी को तुरंत प्रभाव से फंक्शनल किया जाए। विभाग के अधिकारी इस पर कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। बात करने पर बताया जाता है कि आलाधिकारियों को रिक्त पदों के बारे सूचित कर दिया है। व्यापार मंडल बिजली प्रधान बब्बी शर्मा, ओंकार, ओमकार दत्त, रजनीश, सतीश ठाकुर, नवजोत शर्मा, सुरेंदर व अन्य लोगों का कहना है कि अगर बिझड़ी सीएचसी को पूरी तरह फंक्शनल नहीं किया गया, तो इस संबंध में डीसी हमीरपुर को ज्ञापन सौंपा जाएगा। उनका यह भी कहना है कि सरकार के बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने के दावे खोखले साबित हो रहे हैं। अगर जरूरत पड़ी, तो हम लोग धरना-प्रदर्शन करने से भी गुरेज नहीं करेंगे। इस संदर्भ मंे बड़सर विधायक इंद्रदत्त लखनपाल ने बताया कि डाक्टरों व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की कमी के चलते समस्या आ रही है, लेकिन इस अस्पताल को शीघ्र ही फंक्शनल कर  दिया जाएगा।