Wednesday, December 11, 2019 05:23 PM

प्राध्यापक नहीं थे तो क्यों दी एडमिशन

चकमोह कालेज के छात्रों ने जनमंच में राजीव सहजल को बताई समस्या

बिझड़ी -बीबीएन कालेज चकमोह के छात्रों ने कालेज प्रशासन पर जनमंच के दौरान उनका भविष्य खराब करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। इनका कहना है कि यदि कालेज में प्रवक्ता ही नहीं थे, तो छात्रों को दाखिला ही क्यों दिया गया। विद्यार्थियांे के प्रतिनिधिमंडल में एक छात्रा के नेतृत्व में अपनी समस्याएं जनमंच के दौरान खूब बेबाकी से रखीं। कालेज छात्रों को जनमंच पर खड़ा देखकर मंत्री राजीव सहजल भी चौंक गए तथा तुरंत प्रिंसीपल को तलब कर जवाब मांगा। पीटीए प्रधान इंद्रजीत व छात्रों आशुतोष, अभिषेक सोहारू, साहिल, अंकुश, कनू व वैशाली इत्यादि ने गणित दो, राजनीति शास्त्र के एक व सोशोलॉजी के प्रवक्ता के पदों को भरने की मांग की। इनका प्रश्न था कि यदि प्राध्यापक नहीं थे, तो उन्हें दाखिला क्यों दिया गया। अब वे प्राध्यापकों के बिना कैसे पढ़ाई करेंगे? उनका भविष्य क्यों कालेज प्रशासन दांव पर लगा रहा है? छात्रों का कहना है कि रिक्त पदों बारे कई बार प्रिंसीपल को बताया जा चुका है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। प्रिंसीपल साहब कहते हैं कि एसडीएम बड़सर से बात करो, लेकिन हम स्टूडेंट्स कहां-कहां जाएं? इसके अलावा छात्राओं ने गर्ल्स सिक्योरिटी को लेकर भी सवाल उठाए तथा कहा कि कोई भी गार्ड या पुलिस मौजूद न रहने से आउटसाइडर कालेज परिसर में घूमते रहते हैं तथा फब्तियां कसते हैं। राजीव सहजल ने सिक्योरिटी की समस्या के लिए पुलिस अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए, जबकि प्रिंसीपल को भी कड़ी लताड़ लगाई है। उन्होंने जनमंच तक कालेज छात्रों के पहुंचने को लेकर सीधे तौर पर प्रिंसीपल को जिम्मेदार ठहराया। जिलाधीश हमीरपुर ने  कालेज के रिक्त पदों को पीटीए के माध्यम से भरने में असमर्थता जताई तथा छात्रों को ही  प्राध्यापक खोजने को कह दिया। बच्चों को निराश होते देख राजीव सहजल ने उनकी समस्या को प्राथमिकता के आधार पर हल करने का आश्वासन दिया।