Saturday, August 15, 2020 01:34 PM

मनाली से यूपी को निकले प्रवासी मजदूर

सुंदरनगर - उत्तर प्रदेश के लिए मनाली से अपने गांव सहारनपुर के लिए निकले 10 प्रवासी मजदूर सुंदरनगर में शनिवार को 132 किलोमीटर की दूरी तय करके पहुंचे हैं। मजदूरों ने कहा कि वह पिछले तीन दिनों से पैदल सफ र तय कर मनाली से सुंदरनगर पहुंचे हैं। मजदूरों ने कहा कि वह मनाली के गांव जीया में कार्य करते थे। उन्होंने कहा कि अभी उन्हें जीया में कार्य करते हुए लगभग दो माह का ही समय हुआ था। उन्होंने कहा कि कर्फ्यू के कारण वह पिछले दिनों मनाली में उनके ठेकेदार द्वारा गांव के लिए वापस भेज दिया गया है। मजदूरों ने कहा कि मनाली से लेकर सुंदरनगर तक उन्हें कई जगह पुलिस व प्रशासन द्वारा रोककर पूछताछ की गई। लेकिन सबके द्वारा उन्हें आगे से आगे धकेल कर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया गया। उन्होंने कहा कि मंडी प्रशासन द्वारा भी उन्हें मंडी में रोककर गुरुद्वारे में रखा गया और सुबह आगे भेज दिया गया। मजदूरों ने कहा कि उनके पास खाने को भी कुछ नहीं बचा हुआ है और ठोकरें खाने को मजबूर हैं। अब मजदूरों ने सुंदरनगर प्रशासन से उन्हें उनके घर पहुंचाने की मांग की है। उधर मामले को लेकर एसडीएम सुंदरनगर राहुल चौहान ने कहा कि मामला संज्ञान में आया है और मजदूरों की रहने की व्यवस्था की जाएगी।

सरकाघाट। क्षेत्र के दर्जनों प्रवासी अपने सामान को उठाकर पैदल ही यूपी, बिहार और अन्य राज्यों के लिए पलायन करते हुए देखा गया। सरकाघाट धर्मपुर, लौंगणी, टिहरा, अवाहदेवी, बरच्छवाड़, पौंटा, बलद्वाड़ा के खुडला स्थानों से शनिवार को करीब 40 से 50 लोगों को ग्रामीण क्षेत्रों के शार्टकट रास्तों से पलायन करते हुए देखा गया।  खुडला गांव के धतोली में एक दर्जन से अधिक लोगों को जब ग्रामीणों ने रोका और उन्हें कोरोना वायरस और कर्फ्यू की बात कही तो प्रवासियों में रायपुर के मोहताज, सहारनपुर के अक्षय, सहारनपुर के ही मुंशी ने बहुत ही दर्द भरी अपनी दास्तां सुनाई। इस बारे में जब एसडीएम जफर इकबाल से बात की गई तो उन्होंने बताया कि प्रवासी लोगों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो इसके लिए हर संभव प्रयास प्रशासन की ओर से किए जा रहे हैं।