Tuesday, September 17, 2019 01:48 PM

महाराष्ट्र के नंदी की पूजा, सड़कों पर आवारा घूम रहीं गोमाता

हमीरपुर शहर में दर्शनों के लिए उमड़ी लोगों की भीड़, जलेबी का भोग लगाकर लिया आशीर्वाद

हमीरपुर -प्रदेश की सड़कों पर भले ही आज गोमाता और गोधन लावारिस घूम रहा हो, लेकिन आस्था के आगे आज भी समाज नतमस्तक नजर आ रहा है। कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिला मंगलवार सुबह हमीरपुर शहर में। यहां महाराष्ट्र से आए दो लोगों के पीछे कपड़ों से सज-धजे और विशाल सींगों वाले नंदी महाराज को देखकर पूरा शहर न केवल उनके दर्शनों के लिए बल्कि उनके आगे शीश नवाने के लिए उतावला नजर आया। शहर के लोगों ने सड़क पर आकर जहां नंदी महाराज को प्रणाम किया, वहीं अच्छी खासी दान दक्षिणा भी नंदी को लेकर चले उन दोनों मानुष को दी। पूछने पर बताया गया कि वे धार्मिक यात्रा पर निकले हैं और अभी शिरड़ी से आ रहे हैं तथा हरिद्वार जाएंगे। खैर आस्था पर कटाक्ष नहीं किया जा सकता, लेकिन यदि लोग अपने पालतू गोधन को भी इसी नजर से देखते तो आज सड़कों पर गोमाता और उसके बछड़े यूं जख्मी नजर न आते। बता दें कि महाराष्ट्र से आए नंदी बैल को भगवान की तरह पूजा जा रहा है। वहीं, हिमाचल का नंदी सड़कों पर नर्क की जिंदगी काट रहा है। महाराष्ट्र के नंदी के सींगों की लंबाई व मोटाई असाधारण है। इतने बड़े सींग शायद ही किसी हमीरपुरवासी ने पहले देखे हों। यही कारण रहा कि नंदी के शहर में पहुंचते ही इसके दर्शनों के लिए लोगों का जमघट लग गया। हैरत की बात थी कि यह नंदी जलेबी खा रहा था। लोग नंदी को जलेबी का भोग लगाते नजर आए। वहीं, भोग लगाने वालों को नंदी के साथ चल रहे दो लोग बेहतर भविष्य का आशीर्वाद दिलवा रहे थे। बुद्धिजीवी वर्ग के जहन में एक ही सवाल उठ रहा था कि भगवान शंकर का नंदी पूजा जा रहा है, वहीं सड़कों पर गोमाता व बछड़े मारे-मारे फिर रहे हैं। किसी के घर तक पहुंच जाते हैं तो लोग इन पर लाठियां बरसा देते हैं। हर किसी के मन में यही सवाल था कि यह कैसी आस्था है। महाराष्ट्र का नंदी भगवान और हिमाचल का लावारिस।