Wednesday, April 24, 2019 05:23 AM

मांगों पर जो करेगा गौर, उसी को हमारा वोट

चंबा —प्रचंड धूप एवं ठिठुरन भरी ठंड में दिहाड़ी लगा कर परिवार को चलाने वाले आमजन की कमर बिजली, पानी, रसोई गैस, गाड़ी किराया एवं अन्य रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों में हर रोज हो रही बढ़ोतरी ने तोड़ दी है। अन्य चीजों के अलावा इन दिनों सब्जियों के दामों में आए उछाल से भी गरीब तबका चिंता में डूबा है। महंगाई के इस दौर में दिहाड़ी लगाकर परिवार के लिए दो वक्त की रोटी जुटाने के साथ ही अन्य तरह के खर्चों को चलाना इन लोगों के लिए टेढ़ी खीर बन गया है। गरीब तबके से संबंध रखने वाले लोगांे के अलावा जिला के संगठन एंव बुद्धिजीवी लोगों का कहना है कि सरकार की मिली-जुली साजिश से कंपनियां चुपके-चुपके रसोई गैस, पेट्रोल एवं डीजल के साथ पानी एवं बिजली बिलों के अलावा अन्य वस्तुओं की कीमतों में बढ़ोतरी कर रही है। लिहाजा आसमान छू रही वस्तुओं की कीमतांे से आमजन का दिवाला निकलने लगा है। दिन-प्रतिदिन बढ़ रही हर चींज की दरों से गरीब लोगांे को परिवार चलाना मुश्किल हो गया है। गरीब लोग हर माह बड़ रहे बिजली पानी के कई गुना बिल बोझ सहित अन्य तरह के बोझ तले पिसने लगे हैं। इससे बाहर आने के लिए कोई रास्ता न देख गरीब आत्महत्या का मार्ग देखने लगा है। लोगों का कहना है कि पेट्रोल-डीजल के साथ रसोई गैस एवं बिजली, पानी में इसी तरह हर रोज बढ़ोतरी होती रही तो लोगांे का जीना हराम हो जाएगा। अब लोकसभा चुनावों के नजदीक आते ही विभिन्न स्थानों पर महंगाई के मुद्दे जोर पकड़ने लगे हैं। वहीं, माध्यम एवं लोअर तबके से संबंध रखने वाला जन खाद्य सहित अन्य तरह की रोजमर्रा की वस्तुओं के दामों में कटौती की डिमांड उठाने लगा है। अब इन लोगों का तर्क है कि जो उनकी मुसीबते समझते हुए  मांगों पर गौर करने की दिल से हामी भरेगा उसे ही आगामी लोकसभा चुनावों में स्पोट किया जाएगा।