Wednesday, October 16, 2019 01:56 AM

लाडा का पैसा जल्द जमा करवाओ

डीसी किन्नौर ने काशंग जल विद्युत प्रोजेक्ट को दिए आदेश, बागबानी के नुकसान की रिपोर्ट मांगी

रिकांगपिओ -उपायुक्त किन्नौर गोपाल चंद ने कृषि एवं बागबानी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि यदि विद्युत परियोजनाओं के प्रदूषण से कृषि व बागबानी को नुकसान होता है, तो उस का शीघ्र आकलन कर रिपोर्ट प्रस्तुत करंे, ताकि प्रभावितों के नुकसान की भरपाई की जा सके। यह बात उपायुक्त किन्नौर ने निर्माणाधीन शौंगठोग-करछम, काशंग तथा टिडोग जलविद्युत परियोजना से संबंधित स्थानीय क्षेत्र विकास समिति लाडा की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा। इस दौरान उन्होंने काशंग जल विद्युत परियोजना प्रबंधन को भी निर्देश दिए कि व द्वितीय व तृतीय चरण का लाडा राशी जो 6.49 करोड़ बनता है। शीघ्र लाडा कमेटी में जमा करवाए, ताकि परियोजना प्रभावित पंचायतों में विकास कार्यों की गति दी जा सके। इसी तरह परियोजनाओं में स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर सुनिश्चित करने पर भी बल दिया। बैठक में कहा कि टिडोग व काशंग जल विद्युत परियोजना प्रभावित पंचायतो के लिए लाडा द्वारा 121 योजनाएं स्वीकृत की गई थी जिन में से 103 योजनाओं का कार्य पूर्ण कर लिया गया है , जबकि शेष योजनाओं का कार्य प्रगति पर है। उन्होंने इस कार्य को भी शीघ्र आरंभ करने के निर्देश दिए। बैठक में टिडोंग जल विद्युत परियोजना प्रभावित पंचायतो में पुर्बनी व जंगी को भी शामिल करने की बात कही। उपायुक्त ने कहा कि शौंगठोंग-करछम जल विद्युत परियोजना के तहत दूनी, कल्पा, ख्वांगी, कोठी, मेबर, पोवारी, रोघी, शुद्धा रंग, तेलंगी व बारंग पंचायतंे प्रभावित क्षेत्र में आते हैं। इन पंचायतों के लिए 258 विकासात्मक योजनाएं स्वीकृत की गई हंै, जिनमें से 189 का कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि  68 का कार्य प्रगति पर हैं। उन्होंने पंचायत प्रधानों को शेष बचे कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उपायुक्त ने  लाडा के तहत पोवारी में बने शौचालय को शीघ्र क्रियाशील करने के भी निर्देश दिए। वनमंडलाधिकारी किन्नौर ने बताया कि शौगठांग-करछम जल विद्युत परियोजना के तहत कैट प्लान में 60 करोड़ 40 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की गई थी, जिसमें से 23.82 करोड़ रुपए की राशि अभी विभाग के पास है।

 बाढ़ संभावित नालों पर बनाएं जाएं चैक डैम

उपायुक्त ने वन विभाग को निर्देश दिए कि बाढ़ संभावित नालों पर चैक डैम बनाए, ताकि शुरुआती तौर पर ही हिमखंडों से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके। वन मंडलाधिकारी ने बताया कि काशंग विद्युत परियोजना के तहत 30.50 करोड़ रुपए की राशी स्वीकृत की गई है। बैठक में विधायक जगत सिहं नेगी, जिला परिषद अध्यक्षा टाशी यंगजेन, प्रभावित ग्राम पंचायतों के प्रधान व हिमाचल प्रदेश पावर कारर्पोरेशन व टिडौंग जल विद्युत परियोजना के अधिकारी भी उपस्थित थे।