Tuesday, June 02, 2020 11:21 AM

वाह! ‘हर घर पाठशाला’ से फैल रहा ज्ञान का उजाला

ऊना - कोरोना संकट के बीच जारी लॉकडाउन में 31 मई तक सभी शिक्षण संस्थान बंद हैं, लेकिन इस संकट में भी विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए हिमाचल प्रदेश सरकार विशेष प्रयास कर रही है। दसवीं तथा बारहवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए 17 अप्रैल से डीडी शिमला पर हिमाचल दूरदर्शन ‘हर घर पाठशाला’ का प्रसारण शुरू किया गया है, ताकि विद्यार्थी अपने घरों में रहते हुए पढ़ाई कर सकें। डीडी शिमला चैनल पर प्रतिदिन प्रातः दस से दोपहर एक बजे तक तीन घंटे की ‘हर घर पाठशाला’ की यह पहल बच्चों के लिए बेहद कारगर सिद्ध हो रही है। इसे विभिन्न विषयों पर निरंतर तीन घंटे समयसारिणी के अनुसार चलाया जा रहा है। प्रतिदिन ज्ञानशाला कार्यक्रम के माध्यम से पढ़ाई कर रहे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल ऊना के विद्यार्थी इंद्रजीत सैणी ने कहा घर पर टीवी चैनल से उन्हें पढ़ाई का एक नया अनुभव मिल रहा है। कोरोना संकट के समय में स्कूल बंद हैं और ज्ञानशाला कार्यक्रम मददगार साबित हो रहा है। इसमें हमारे सिलेबस से जुडे़ टॉपिक बडे़ रोचक तरीके से पढ़ाए जा रहे हैं और पढ़ने में मजा आ रहा है।’ अभिभावक भी सरकार की इस पहल का समर्थन कर रहे हैं। इंद्रजीत के पिता राजिंद्र सिंह ने कहा कि कोरोना काल में बच्चों की पढ़ाई एक चिंता का विषय बन गया था। बच्चों के अभिभावक परेशान थे कि पढ़ाई का क्या होगा, लेकिन सरकार ने बढ़िया कदम उठाया है। इसके लिए हम प्रदेश सरकार के धन्यवादी हैं। उपायुक्त ऊना संदीप कुमार ने कहा कि दूरदर्शन के डीडी शिमला चैनल पर प्रतिदिन प्रातः दस बजे से दोपहर एक बजे तक दसवीं तथा बारहवीं कक्षाओं के पाठ्यक्रम पर आधारित हिमाचल दूरदर्शन ज्ञानशाला का प्रसारण किया जा रहा है। जिला ऊना में केबल टीवी नेटवर्क संचालकों द्वारा फास्टवे, सिटी केबल और कैट विजन डिजीटल केबल सेवाओं के माध्यम से डीडी शिमला का प्रसारण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि फास्टवे पर डीडी शिमला का प्रसारण चैनल नंबर 95 जबकि कैटविजन पर चैनल नंबर 604 और सिटी केबल पर चैनल नंबर 804 पर डीडी शिमला उपलब्ध है। सभी केबल टीवी नेटवर्क सेवा प्रदाताओं को डीडी शिमला का अनिवार्य एवं निर्बाध प्रसारण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए हैं।

ई-लर्निंग से भी सुविधा

बहडाला स्कूल में पढ़ने वाले प्रिंस ने कहा कि स्कूल न जा पाना अच्छा नहीं लग रहा है, लेकिन मोबाइल के माध्यम से भी पढ़ने में मजा आ रहा है। वहीं 12वीं कक्षा में मेडिकल संकाय की छात्रा आंचल गर्ग ने कहा गई-लर्निंग काफी मददगार सिद्ध हो रही है। अध्यापक व्हाट्स एप ग्रुप व यू-ट्यूब से पढ़ाते हैं और कोई प्रश्न होने पर उत्तर भी देते हैं। हर विषय के टीचर्स रोज एक वर्कशीट भेजते हैं, जिसे हल करना होता है। कोरोना संकट के बीच जिला ऊना के हजारों विद्यार्थी घर पर बैठकर नई तकनीक के माध्यम से ज्ञान हासिल कर रहे हैं।