Tuesday, March 31, 2020 05:38 PM

शिक्षकों को तबादला नीति नामंजूर

हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ ने सरकार के विचार पर जताया विरोध

नेरचौक - हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ ने दूसरे राज्यों की तर्ज पर तबादला नीति का विरोध किया है। जिला मंडी के अध्यक्ष तिलक नायक, राज्य के मुख्य संरक्षक अरुण गुलेरिया, बोधराज ठाकुर, अजय सरोच, संजय गोयल, सूरज नायक, दलेर सिंह, अनिल कुमार, रोशन लाल शास्त्री, अजय शर्मा, ममता चौधरी, कृष्णा चौधरी, तृप्तिश कौर, निशा डोगरा, मधुबाला, महेश प्रसाद, संदीप कुमार, बिहारी लाल, अशोक कुमार, बुद्धि सिंह, इंद्रजीत, राज कुमार, दिनेश शर्मा, पवन नायक, शीला, धर्म सिंह, जगदीश, परस राम आदि ने साझा बयान में कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा दूसरे राज्यों की तर्ज पर हिमाचल में भी शिक्षकों पर तबादला नीति लागू करने के विचार का संघ ने कड़े शब्दों में विरोध किया है। उन्होंने कहा कि दूसरे राज्यों की भौगोलिक स्थिति हिमाचल से बिलकुल भिन्न है। यदि प्रदेश सरकार इस नीति का ट्रायल  करना चाहती है तो किसी छोटे विभाग पर इसे लागू करे न कि विशाल शिक्षा विभाग पर। उन्होंने कहा कि इस तबादला नीति का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों के मान सम्मान को ठेस पहुंचाना है, जो कि स्वीकार नहीं किया जाएगा। संघ ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि शिक्षक संगठनों को विश्वास में लिए बिना यह पालिसी थोपी जाती है तो हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ के राज्य प्रधान वीरेंद्र चौहान के नेतृत्व में धरना प्रदर्शन एवं आंदोलन के लिए जिला मंडी उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर सहयोग करेगा।