Thursday, July 16, 2020 06:10 PM

शिमला को स्मार्ट सिटी बनाने का काम पकड़ेगा रफ्तार

शिमला में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को शुरू करने के लिए 31 मई तक टेंडर प्रक्रिया पूरी करने का रखा लक्ष्य

शिमला-शिमला शहर को स्मार्ट बनाने का काम अब तेजी से शुरू होता दिखेगा। कर्फ्यू और लॉकडाउन के कारण इसके काम में जो रुकावट आई थी, समय के साथ प्रशासन ने इसमें तेजी लाने का फैसला लिया है। हाल ही में निगम आयुक्त की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह फैसला लिया है कि 122 करोड़ रुपए के प्रोजेक्टों का काम शीघ्र शुरू करने के लिए पूरा प्लान तैयार किया जाएगा। इसके तहत 31 मई तक हर प्रोजेक्ट का टेंडर करना होगा। वहीं जिन प्रोजेक्टों के टेंडर की प्रक्रिया हो चुकी है, उन्हें जल्द ही जमीन स्तर पर उतारने के लिए काम शुरू करना होगा। ऐसे में माना जा रहा है कि शहर में विकास के कार्य फिर से पटरी पर दौड़ते नजर आएंगे। इसके अलावा निगम की इस बैठक में नगर निगम के सभी विभागों के अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान कहा गया कि शहर में मुख्य रूप से चौक को चौड़ा करने का काम सबसे पहले किया जाना है। इसमें सबसे पहले बालूगंज और छोटा शिमला के चौक को चौड़ा किया जाएगा। इसके बाद आईजीएमसी में स्मार्ट पैदल रास्ता बनाने का काम शुरू किया जाना है। इस मार्ग के बनने के बाद संजौली से आईजीएमसी आने वाले लोगों को बारिश और धूप से नहीं जूझना पड़ेगा। शहर के विकास कार्यों को लेकर लंबे समय से स्मार्ट सिटी पर काम चल रहा है, लेकिन कर्फ्यू के कारण इस पर काम नहीं हो पा रहा था। अब इसे फिर से गति देने का फैसला लिया है। बाजार से लेकर दुकानों को दोबारा बनाने का  काम होना है। ऐसे में अब एक बार फिर उम्मीद जागी है कि शहर में स्मार्ट सिटी के तहत किए जाने वाले कार्यों में तेजी व स्मार्ट सिटी के तहत पूरा शहर एक जैसा सुंदर दिखाई दे, इसके लिए नगर निगम की दुकानों को तोड़ कर एक जैसे बनाने का प्लान है। इसके तहत निगम की 927 दुकानों को तोड़कर उन्हें दोबारा से बनाया जाना है। इसके लिए अलग से प्लान तैयार किया जा रहा है।

क्या कहते हैं स्मार्ट सिटी के महाप्रबंधन नितीन गर्ग

स्मार्ट सिटी के महाप्रबंधन नितीन गर्ग का कहना है कि कोरोना के कारण स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को शुरू करने में काफी दिक्कतें आई है। लेकिन इस संकट के समय में जिस तरह से सरकार व स्वास्थ्य विभाग लोगों को निर्देश दे रहा है। इसके अलावा उन्होेंने बताया कि जैसे ही परिस्थितियां सामान्य होती हैं तो स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत जितने भी कार्य है उन्हें किया जाएगा। साथ ही इसके अलवा सबसे पहले सभी प्रोजेक्टों के लिए टेंडर प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी।