Tuesday, March 31, 2020 01:50 PM

सब्जी विके्रताओं का धंधा चौपट

भुंतर -जिला कुल्लू  के भुंतर की जिन सब्जी की दुकानों में पिछले एक सप्ताह तक उपभोक्ताओं की लंबी लाइनें लगी रहती थी, वहां अब एक घंटे में महज एक से दो उपभोक्ता पहुंच रहे हैं। कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे ने जिला कुल्लू के भुंतर का कारोबार चौपट कर दिया है और कारोबारियों का धंधा चौपट हो गया है। संक्रमण के कारण हुए बंद से सबसे ज्यादा असर सब्जी विके्रताओं पर भी पड़ रहा है। जानकारी के अनुसार दुकानदार थोक में सब्जियों को तो खरीद रहे हैं लेकिन उपभोक्ताओं की कम संख्या के कारण ज्यादातर सब्जियां बिक नहीं रही है और खराब हो रही है। मार्केट बोर्ड के अधिकारियों के अनुसार हालांकि बाहरी राज्यों से सब्जियों की आवाजाही बंद है लेकिन नीचले इलाकों में लोकल सब्जियां मार्केट में पहुंचनी आरंभ हो गई है। इसके अलावा निचले हिमाचल की सब्जियां भी यहां पर पहुंच रही है। दुकानदारों को ग्राहक न मिलने के कारण चिंता सता रही है। प्रदेश में लॉकडाउन के कारण परिवहन सेवा और कारोबार बंद होने के कारण कारोबारी छुट्टी पर है तो जो सेवाएं चालू हैं वहां पर भी ग्राहक गिनती के ही पहुंच रहे हैं। भुंतर में इसके अतिरिक्त घरेलू जरूरत की दुकानें भी खुली है और अखबारें भी उपलब्ध हो रही है, लेकिन इन दुकानों में भी उपभोक्ता बहुत कम संख्या में पहुंच रहे हैं। दुकानदारों के अनुसार सेवाएं तो जारी है लेकिन उपभोक्ता नहीं मिल रहे हैं। कारोबारियों का कहना है कि संक्रमण के खतरे के चलते हुए बंद से बहुत नुकसान उन्हें हो रहा है। कारोबारियों का कहना है कि अगर पूरे अप्रैल माह में भी इसी प्रकार से बंद जारी रहा तो और भी ज्यादा हालात खराब होंगे। वहीं एपीएमसी के सचिव सुशील गुलेरिया कहते हैं कि जिला में लोकल सब्जियां मार्केट में आनी आरंभ हो गई है और कोरोना के लॉकडाउन के बीच सब्जियों को उपभोक्ताओं तक पहुंचाने के लिए भी कारोबारियों को निर्देश दिए गए हैं। बहरहाल, कोरोना के खतरे ने भुंतर के कारोबारियों का धंधा चौपट कर दिया है।