Monday, February 17, 2020 06:52 AM

सरकार की नहीं सुन रहे अधिकारी

राजेंद्र राणा का आरोप, कारोबारियों को दिया जा रहा फायदा

शिमला -सुजानपुर के विधायक  राजेंद्र राणा ने जयराम सरकार पर आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर व उनके मंत्रियों का अफसरशाही पर कोई कंट्रोल नहीं है। अफसरशाही की ‘अपनी डफली, अपना राग’ वाली स्थिति है। उन्होंने कहा कि जयराम सरकार की कैबिनेट के निर्णयों को ही अफसरशाही कूड़े के ढेर में डालकर खुद मनमर्जी के फैसले ले रही है। राजेंद्र राणा ने सवाल उठाया कि आखिर ब्यरोक्रेट्स को इतनी छूट क्यों दी गई है। कहीं ऐसा तो नहीं है कि अधिकारियों को आगे कर सरकार की उद्योगपतियों को फायदा पहुंचाने व हिमाचल के संसाधनों को बेचने की सोची-समझी चाल है, इस पर स्थिति स्पष्ट की जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नियंत्रण वाला पर्यटन विभाग ही सरकार से संभल नहीं पा रहा है। प्रस्तावित इन्वेस्टर मीट के राइजिंग हिमाचल पोर्टल पर ही पर्यटन विभाग ने लैंड सीलिंग एक्ट को लेकर भ्रम पैदा कर दिया है। इससे लगता है कि राजस्व विभाग को पर्यटन विभाग चला रहा हो, क्योंकि टी-टूरिज्म को लेकर खारिज प्रस्ताव ही विभाग ने राइजिंग हिमाचल पोर्टल पर डाल दिया है। उन्होंने चेताया कि इस सारे मामले को विधानसभा सत्र में उठाया जाएगा। राजेंद्र राणा ने कहा कि प्रदेश के संसाधनों पर डाका डालने जैसे मंसूबों व हिमाचल निर्माता स्व. यशवंत सिंह परमार के सपनों को कांग्रेस पार्टी कभी टूटने नहीं देगी। इन्वेस्टर मीट के बहाने प्रदेश की जमीन व संसाधनों को गिरवी रखने का षड्यंत्र रचा जा रहा है। बजे कार्यवाही शुरू होगी।