Friday, December 13, 2019 07:17 PM

सांस्कृतिक संध्या.. नाटी पर झूमा रेणुकाजी

रेणुकाजी मेले की अंतिम संध्या पर नाटी किंग कुलदीप शर्मा ने दी एक से बढ़कर एक प्रस्तुति

संगड़ाह -अंतरराष्ट्रीय मेला श्रीरेणुकाजी की आखिरी सांस्कृतिक संध्या में दर्शक नाटी किंग कुलदीप शर्मा की नाटियों पर जमकर झूमे। कुलदीप शर्मा के लोक गीतों का नशा दर्शकों पर इस कद्र चढ़ा कि उनका कार्यक्रम समाप्त होने के बाद भी मेला बाजार में कई युवा उनके गीत गुनगुनाते सुने गए। कुलदीप शर्मा ने जैसे ही मंच से उतरकर झूरी गीत घोणिओं केलटी से अपने कार्यक्रम का आगाज किया दर्शक दीर्घा में मौजूद दर्जनों श्रोता जमकर नाचते देखे गए। कुलदीप शर्मा ने इसके बाद किधर चाली भागीरथीए, पाणी री टांकी, मुंदरी जोगे न तेरे कानों व कोइके रा नोरिया आदि नाटियों की झड़ी लगा दी। कुलदीप शर्मा के दल की अदाकाराओं द्वारा किए गए नृत्य की भी दर्शकों ने खूब सराहना की। संध्या में कुलदीप शर्मा के बेटे द्वारा भी पारंपरिक नाटियों से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया गया। संध्या में देश-विदेश में सिरमौरी लोक नृत्य प्रस्तुत कर चुके सांस्कृतिक दल बाऊनल के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत भर्तहरी गाथा तथा ऐशी सोहणी भादरी आदि पारंपरिक सिरमौरी गीतों पर भी दर्शकों ने जमकर तालियां बजाई। संध्या में सिरमौर के अलावा शिमला, सोलन व मंडी आदि जिलों के कलाकारों द्वारा भी सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। सरोज म्यूजिकल गु्रप द्वारा मां तो जई औणा सुलणी बजार गीत पर प्रस्तुत गिद्दा व लोक कलाकार गौरी शंकर द्वारा प्रस्तुत शिव कैलाशो रे वासी ने भी दर्शकों की वाहवाही लूटी। संध्या में तारा कमल, सरिता, मनोज, सुरेश व लोक कलाकारों द्वारा भी मंगलवार को आयोजित इस संध्या में प्रस्तुति दी गई। बाद दोपहर शुरू हुआ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का दौर सीएम के मंच पर मौजूद रहने तक जारी रहा।