Friday, December 13, 2019 07:10 PM

सोशल मीडिया पर आत्मा का वीडियो फेक

 पुलिस की चेतावनी; सोशल मीडिया में वायरल न करें इस तरह की मनगढ़ंत पोस्ट वरना होगी कार्रवाई, डीएसपी सख्त

नेरवा जिला शिमला के नेरवा-देइया- कुपवी सड़क पर तैर रही एक कथित आत्मा का सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो क्षेत्र में खूब चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि इस वीडियो की सत्यता और प्रामणिकता की ‘दिव्य हिमाचल’ कोई पुष्टि नहीं करता है। वीडियो को फेसबुक और व्हाट्सअप आदि सोशल मीडिया ग्रुपों में खूब शेयर किया जा रहा है। वीडियो में जंगल से गुजर रही एक सड़क पर एक गाड़ी के आगे सफेद कपड़ों में लिपटी लंबे कद की महिला की छाया को सड़क पार कर जंगल में उतरते दिखाया गया है। वीडियो वायरल करने वाले व्यक्ति द्वारा सोशल मीडिया में दावा किया जा रहा है कि यह घटना देइया कुपवी मार्ग की है जबकि गाड़ी में बैठे व्यक्ति द्वारा प्रयोग की भाषा से वह कहीं से भी स्थानीय नहीं लग रहे हैं। उनकी भाषा दूर दूर तक की स्थानीय भाषा से कतई भी मेल नहीं खा रही है। यह स्थान देइया कुपवी मार्ग पर किस जगह है इसकी भी पुष्टि नहीं हो पाई है। इस मार्ग पर वनस्पति तो है परंतु जो वनस्पति वीडियो में नजर आ रही है वह भी यहां की वनस्पति से मेल खाती नजर नहीं आ रही है। आज के वैज्ञानिक युग में भी कुछ लोग इसे भूत प्रेत और आत्माओं से जोड़कर देख रहे हैं जब कि जागरूक वर्ग का कहना है कि किसी शरारती तत्व ने लोगों के दिलों में खौफ  पैदा करने के लिए फोटो शॉप कर यह वीडियो बना कर वायरल की है या फिर यह किसी हॉरर फिल्म का सीन भी हो सकता है। अधिकांश बुद्धिजीवी वर्ग का यही मानना है कि यह किसी शरारती की महज एक शरारत भर है, ताकि लोगों के दिल में भय पैदा किया जा सके। इस वर्ग के लोगों ने इस वायरल वीडियो की कड़ी भर्त्सना करते हुए इसे समाज में भ्रांतियां फैलाने वाली पोस्ट करार दिया है। उधर डीएसपी चौपाल वरुण पटियाल ने इस वीडियो को फेक करार देते हुए लोगों से आग्रह किया है कि इस तरह की मनघड़ंत अफवाहों में न जाएं व ऐसी तथ्य हीन तस्वीरें या वीडियो को सोशल मीडिया में वायरल न करें जिससे लोगों में किसी तरह का डर या सनसनी पैदा हो। उन्होंने कहा कि वह इस मामले की जांच कर पता लगाने का प्रयास करेंगे कि इसे किस व्यक्ति द्वारा वायरल किया गया है। उन्हों ने कहा कि यदि कोई भी व्यक्ति इस सामाजिक माहौल को खराब करने का प्रयास करता पाया जाता है तो उसके खिलाफ  नियमों के तहत कड़ी से कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।