Monday, October 21, 2019 12:39 AM

स्वच्छता में नंद स्कूल बनेगा आदर्श

झंडूता में स्वच्छता का अलख जगाने, बच्चों को साफ-सफाई का पाठ पढ़ाने वाले शिक्षक आशा राम होंगे रोल मॉडल

घुमारवीं -स्वच्छता में देशभर में अपनी धाक जमा चुके झंडूता का नंद स्कूल जिला के अन्य स्कूलों के लिए आदर्श बनेगा। जबकि स्कूल में स्वच्छता का अलख जगाने तथा बच्चों को साफ-सफाई का पाठ पढ़ाने वाले शिक्षक आशा राम रोल मॉडल बनेंगे। स्कूलों में पहले से बेहतर स्वच्छता तथा साफ-सफाई रखने को जिला राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ पहल करेगा। स्कूल परिसर चकाचक रखने तथा स्वच्छता में अव्वल आने के लिए जिला पीटीएफ से जुड़े शिक्षक स्कूलों में बच्चों को नंद स्कूल का उदाहरण रखेंगे। स्कूल में अपनाई जाने वाली पद्धति को जिला भर के स्कूलों में अपनाई जाएगी। उनका अनुसरण किया जाएगा। वर्कशॉपों व सेमिनारों में नंद स्कूल के शिक्षक आशा राम को स्रोत व्यक्ति के तौर पर आमंत्रित किया जाएगा। जहां पर वह शिक्षकों को नंद स्कूल में स्वच्छता के लिए अपनाए जाने वाले तौर-तरीकों से अवगत करवाएंगे। जिन्हें सेमिनार में उपस्थित शिक्षक अपने-अपने स्कूलों में जाकर अमलीजामा पहनाएंगे। इससे जिला भर के स्कूल स्वच्छता में अव्वल तथा परिसर चकाचक रहे। बिलासपुर जिला में लगभग 800 स्कूल हैं। इन स्कूलों में स्वच्छता का पाठ अधिक बेहतर बनाने के लिए जिला राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने नंद स्कूल को आदर्श बनाने का प्लान बनाया है। इसके तहत नंद स्कूल में स्वच्छता व साफ-सफाई के लिए अपनाई जाने वाली विधि को जिला के अन्य स्कूलों में भी चलाई जाएगी। इससे नंद स्कूल की तर्ज पर जिला के अन्य स्कूल भी स्वच्छता में अव्वल आ सके। जिला राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने इसके लिए प्लान बनाया है। यह प्लान सिरे चढ़ते ही स्वच्छता में जिले के स्कूल देशभर में अपनी चमक बिखेरेंगे। बताते चलें कि झंडूता ब्लॉक का नंद प्राइमरी स्कूल ने स्वच्छता में देशभर में अपनी धाक जमाई है। स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार योजना के तहत नंद स्कूल को देश भर में तीसरा राष्ट्रीय पुरस्कार मिला है। पहली बार वर्ष 2017-18 में स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार योजना के तहत देश भर में प्रथम पुरस्कार मिला था। इसमें 50 हजार रुपए व प्रशस्ती पत्र से नवाजा गया था। लगातार दूसरी बार पिछले वर्ष 2018-19 में तीसरा पुरस्कार मिला और इस बार 2019-20 के लिए फिर तीसरा पुरस्कार मिला है। जिला स्तर पर तीन और राज्य स्तर पर दूसरी मर्तबा अव्वल आंकी गई यह पाठशाला इस बार देश भर में तीसरा पायदान पाकर पुरस्कार की हकदार बनी है। स्कूल में कार्यरत जेबीटी टीचर आशा राम की मानें तो पिछले साल इस स्कूल को राष्ट्रीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार योजना के तहत पूरे देश में तीसरा स्थान मिला था और और पचास हजार रुपए की इनामी राशि के साथ ही प्रशस्तीपत्र देकर सम्मानित किया गया था। वहीं, जिला प्रधान, पीटीएफ रमेश शर्मा ने कहा कि स्वच्छता में देशभर में अपनी धाक जमा चुकी झंडूता की नंद प्राइमरी स्कूल की प्रणाली को जिला के अन्य स्कूलों में भी अपनाई जाएगी। जेबीटी टीचर आशा राम को वर्कशॉप व सेमिनार में आमंत्रित करके उनके अनुभवों को साझा किया जाएगा। इससे जिला के अन्य स्कूल भी स्वच्छता में अव्वल आ सकेंगे।

नंद स्कूल में यह है खासियत

नंद स्कूल में स्वच्छ पेयजल के साथ ही टायलट्स फैसिलिटी के अलावा हैंडवॉश के प्रति बच्चे जागरूक हैं। स्कूल भवन मेंटेन है और यहां के विद्यार्थी व्यवहारशील हैं।