हफ्ते की हस्तियां

सना मरीन फिनलैंड की सबसे युवा प्रधानमंत्री बनीं

फिनलैंड की सोशल डेमोक्रेट पार्टी ने रविवार 8 दिसंबर, को प्रधानमंत्री पद के लिए 34 वर्षीय पूर्व परिवहन मंत्री सना मरीन को चुना। इसी के साथ वह देश के इतिहास में सबसे युवा प्रधानमंत्री बन गई हैं। मरीन ने रविवार को हुआ मतदान जीतकर निवर्तमान नेता एंटी रिने का स्थान लिया, जिन्होंने डाक हड़ताल से निपटने को लेकर गठबंधन सहयोगी सेंटर पार्टी का विश्वास खोने के बाद तीन दिसंबर को इस्तीफा दे दिया था। मरीन ने रविवार रात को पत्रकारों से कहा, हमें फिर से विश्वास बहाल करने के लिए काफी काम करना होगा। अपनी उम्र से संबंधी सवालों पर उन्होंने कहा, मैंने कभी अपनी उम्र या महिला होने के बारे में नहीं सोचा। मैं कुछ वजहों से राजनीति में आई और इन चीजों के लिए हमने मतदाताओं का विश्वास जीता। मरीन अब दुनिया की सबसे युवा राष्ट्र प्रमुख बन गई हैं। उनके बाद यूक्रेन के प्रधानमंत्री ओलेक्सी होन्चारुक अभी 35 वर्ष के हैं।

कामयाबी में विकलांगता भी आड़े नहीं आई

अगर मेहनत व लगन हो तो दिव्यागंता भी रास्ते में रोड़ा नहीं बनती। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय से कानून में पीएचडी कर रही प्रियंका ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश न्यायिक सेवा के लिए चयनित होकर इतिहास रच दिया है। उनकी नियुक्ति बतौर सब जज होगी। बता दें कि प्रियंका की शारीरिक विकलांगता 54 फीसदी है।  एचपीयू के कुलपति प्रोफेसर सिकंदर कुमार ने प्रियंका को बधाई देते हुए कहा कि यह विश्वविद्यालय के लिए गौरव की बात है। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय कार्यकारिणी परिषद (ईसी) के सदस्य और विकलांगता मामलों के नोडल अधिकारी प्रोफेसर अजय श्रीवास्तव ने बताया कि हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा हाल ही में राज्य न्यायिक सेवा परीक्षा परिणाम घोषित किया गया। प्रियंका ने एलएलएम की परीक्षा विश्वविद्यालय परिसर से प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण करके पीएचडी में दाखिला लिया है। कांगड़ा की इंदौरा तहसील के बडाला की रहने वाली प्रियंका के पिता सुरजीत सिंह बीएसएफ  में इंस्पेक्टर पद से रिटायर हुए हैं और माता सृष्टा देवी गृहिणी हैं। उमंग फाउंडेशन से जुड़ी प्रियंका का कहना है कि यदि दृढ़ निश्चय हो, तो एक न एक दिन कामयाबी जरूर मिलती है। उन्होंने कहा कि अकसर बेटियों और दिव्यांगों को कमजोर मानकर उनकी उपेक्षा की जाती है। यदि उन्हें परिवार, समाज और शिक्षकों से सहयोग मिले, तो बेटियां किसी भी मुकाम तक पहुंच सकती हैं।

 वोविनाम स्पर्धा के लिए पुरुषोत्तम का चयन

हिमाचल के बैजनाथ के पुरुषोत्तम सिंह का चयन वोविनाम एसोसिएशन ऑफ इंडिया द्वारा छठी वर्ल्ड वोविनाम प्रतियोगिता के लिए हुआ है। अंतरराष्ट्रीय वोविनाम मार्शल आर्ट्स प्रतियोगिता कंबोडिया में 16 से 22 दिसंबर तक करवाई जाएगी। पुरुषोत्तम सिंह हिमाचल प्रदेश वोविनाम एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष और जिला कांगड़ा वोविनाम एसोसिएशन के महासचिव भी हैं।  हिमाचल प्रदेश वोविनाम एसोसिएशन के अध्यक्ष राजा सिंह मल्होत्रा, जोगिंद्र सिंह, बृज लाल चौहान, मोहम्मद जावेद, देविंद्र कुमार, सतीश कुमार,सहित जय कुमार व संतोष कुमार ने पुरुषोत्तम सिंह को बधाई दी है।

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