Thursday, April 18, 2019 06:32 PM

हाल चुनावी साल का विधायक के एक साल का

लोकसभा चुनाव नजदीक आते ही हिमाचल में भी राजनीतिक सरगर्मियां भी बढ़ गई हैं। प्रदेश सरकार के अब तक के कार्यकाल में कितना विकास हुआ है और कौन-कौन से मुद्दे छिटक रहे हैं। दखल के जरिए नाहन विधानसभा क्षेत्र का हाल बता रहे हैं..

सूरत पुंडीर

देश भर में जैसे ही लोकसभा चुनाव की दस्तक शुरू होने को है तो उसके साथ ही राजनीतिक सरगर्मियां भी तेजी से आरंभ हो गई हैं। राजनीतिक दल अपनी उपलब्धियों को लोगों के समक्ष रखने में कोई कसर बाकी नहीं छोड़ रहे हैं। जिला सिरमौर के विधानसभा क्षेत्र नाहन का नेतृत्व भाजपा के वरिष्ठ नेता व वर्तमान में हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष डा. राजीव बिंदल कर रहे हैं। आगामी लोकसभा चुनाव में नाहन विधानसभा क्षेत्र ही नहीं बल्कि जिला की पांचों विधानसभा सीटों पर डा. राजीव बिंदल की छवि का प्रभाव रहेगा इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता है। नाहन विधानसभा क्षेत्र में गत करीब सवा वर्ष की अवधि में विकास कार्यों की जो गति आगे बढ़ी है वह शायद गत कई वर्षों में भी रफ्तार नहीं पकड़ी होगी। हिमाचल प्रदेश विधानसभा में पांचवी बार अपनी पारी खेल रहे तेजतर्रार नेता डा. राजीव बिंदल को हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष की कुर्सी सरकार के गठन के बाद मिली। दो बार नाहन विधानसभा क्षेत्र तथा तीन बार सोलन विधानसभा क्षेत्र से जीत दर्ज करने वाले डा. राजीव बिंदल भाजपा ही नहीं बल्कि कांग्रेस के नेताओं के लिए भी विकास की नई रेखा खींच रहे हैं। शिक्षा का क्षेत्र हो या स्वास्थ्य का डा. राजीव बिंदल नाहन विधानसभा क्षेत्र को प्रदेश के अग्रणी विधानसभा क्षेत्र में लाकर खड़ा करना चाहते हैं।  हर खेत को पानी तथा हर घर को पीने का शुद्ध जल उपलब्ध हो तथा गांव के लोग अपने घरों तक पहुंचने के लिए सड़क व पुलों का इस्तेमाल करें इसके लिए गत एक वर्ष दो माह के भीतर जहां दर्जनों पेयजल योजनाएं नई आरंभ हुई हैं, वहीं बंद पड़ी पेयजल योजनाओं को भी चालू करवा दिया गया है। खेतों में सिंचाई की व्यवस्था पहुंचनी शुरू हो गई है तथा जिन नदियों पर पुलों की व्यवस्था नहीं थी उन पर पुल बनकर तैयार हो चुके हैं तथा कुछ पुलों पर तेजी से कार्य चल रहा है। नाहन विधानसभा क्षेत्र की यदि बात की जाए तो यहां की सबसे बड़ी उपलब्धि यह है कि प्रदेश का सरकारी क्षेत्र का तीसरा मेडिकल कालेज हिमाचल निर्माता डा. वाईएस परमार के नाम से नाहन में तीन वर्ष पूर्व आरंभ हो चुका है।  यही नहीं नाहन विधानसभा क्षेत्र में एक वर्ष में चार नए पीएचसी खोले गए, वहीं औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब में दशकों से लंबित ईएसआई अस्पताल की मांग भी आखिरकार पूरी हुई तथा 20 फरवरी, 2019 को औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब में आरंभ में 30 बिस्तरों के ईएसआई अस्पताल, जो कि भविष्य में 100 बिस्तरों का किया जाएगा का शिलान्यास किया गया।

डाक्टर राजीव बिंदल

विधायक  विस क्षेत्रः नाहन

मतदाता-75025

बूथ-121

चार नए स्कूल खुलवाए

नाहन विधानसभा क्षेत्र में गत सवा वर्ष की अवधि में शिक्षा के क्षेत्र में जबरदस्त विस्तार किया गया है। मालोंवाला में नया उच्च विद्यालय, सतीवाला में माध्यमिक स्कूल, लोहगढ़ में उच्च विद्यालय तथा मिश्रवाला में जमा दो विद्यालय खोला गया है।

30 लाख से महिमा लाइब्रेरी का जीर्णोद्धार

ऐतिहासिक महिमा पुस्तकालय के जीर्णोद्धार पर 30 लाख रुपए की राशि खर्च की जानी है। नाहन संस्कृत महाविद्यालय के 3.52 करोड़ रुपए की लागत से तैयार भवन का लोकार्पण किया गया तथा संस्कृत महाविद्यालय नाहन का नाम बदलकर गुरु गोरखनाथ संस्कृत महाविद्यालय नाहन प्रदेश की वर्तमान सरकार ने किया है।

नाहन फाउंडरी कैंपस में बनेगा शिल्पग्राम  

प्रदेश की ऐतिहासिक धरोहर नाहन फाउंड्री बंद हो चुकी है। ऐसे में नाहन फाउंडरी के कैंपस का इस्तेमाल शहर की आर्थिक व्यवस्था सुधारने की दिशा में हो इसके लिए नाहन फाउंड्री कैंपस में शिल्पग्राम की स्थापना की जाएगी, जिसके लिए 25 करोड़ रुपए का प्रोजेक्ट एशियन डिवेलपमेंट बैंक को भेजा गया है।

दो बार आए सीएम जयराम ठाकुर

नाहन विधानसभा क्षेत्र में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का दो बार दौरा हो चुका है।  पहला दौरा अप्रैल, 2018 में हुआ था, जब नाहन नगरपालिका परिषद ने अपनी स्थापना के 150 वर्ष पूरे किए थे। मुख्यमंत्री का दूसरा दौरा पहली मार्च, 2019 को हुआ तथा इस दौरान मुख्यमंत्री ने 261 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित होने वाले मेडिकल कालेज नाहन के भवन का भूमि पूजन, नाहन बस स्टैंड पर बहुमंजिला पार्किंग व बस स्टैंड के जीर्णोंद्धार पर 5.85 करोड़ रुपए तथा नाहन-कालाअंब मार्ग पर निर्मित होने वाले नेचर पार्क का शिलान्यास किया।

दो करोड़ से होगी सड़कों की मरम्मत

नाहन शहर को पार्किंग की समस्या से निजात दिलाने के लिए नई पार्किंग का निर्माण किया जा रहा है।  सड़कों के सुधार पर दो करोड़ रुपए की राशि खर्च की जा रही है।

नाहन में एमबीबीएस का तीसरा बैच 

डा. वाईएस परमार मेडिकल कालेज एवं अस्पताल नाहन में एमबीबीएस का तीसरा बैच आरंभ हो चुका है। वर्तमान सरकार के कार्यकाल के दौरान जहां केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने  वर्ष भवन का शिलान्यास रखा था, वहीं मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने 261 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले भवन का भूमि पूजन कर एक माह में भवन का निर्माण कार्य आरंभ करने की बात कही है।  वर्तमान में मेडिकल कालेज  में पांच महिला विशेषज्ञ, सात मेडिसिन विशेषज्ञ, छह सर्जन, तीन अस्थि रोग विशेषज्ञ, चार एनिस्थीसिया, चार रेडियोलॉजिस्ट, तीन शिशु रोग विशेषज्ञ, दो ईएनटी तथा चार दंत रोग विशेषज्ञ कार्यरत हैं।

अब धारटीधार को नहीं सताएगी प्यास

नाहन विधानसभा क्षेत्र के धारटीधार क्षेत्र की दशकों पुरानी पेयजल समस्या दूर की गई है। नावनी, पंजाहल, नेहली धीड़ा, बनेठी, चाकली, क्यारी, सुरला, देवका पुडला, धगेड़ा, रामाधौण व सैन की सैर पंचायतों में लगातार विकास के लिए करोड़ों रुपए की राशि गत एक वर्ष में खर्च की गई है। धारटीधार क्षेत्र के लिए 18 करोड़ रुपए की पेयजल योजना ब्रिक्स के अंतर्गत स्वीकृत करवाई गई है, जिसका शिलान्यास सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य मंत्री ठाकुर महेंद्र सिंह ने गत वर्ष किया। क्यारी पंचायत की पेयजल योजना के लिए 20 लाख, चासी दोबघाट पेयजल योजना के लिए 40 लाख, जलाल नदी में डैम व क्रेटवॉल पर 1.65 करोड़ रुपए, पंजाहल से नेहली चेई महरोग सड़क के लिए 2.68 करोड़ रुपए की डीपीआर, नेहली नडाली-नूण-मोरियो सड़क पर चार करोड़ की डीपीआर, जबकि ल्वासा चौकी से कौलांवालाभूड़ सड़क को बेहतरीन करने के लिए आठ करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत करवाई गई है।

100 साल पुरानी पाइप लाइन बदली

नाहन शहर की दो पुरानी पेयजल योजनाओं नेहरस्वार ग्रेविटी योजना पर करीब आठ करोड़ रुपए की लागत से 100 वर्ष पुरानी पाइप लाइन को बदला गया, जिससे इस योजना के तहत नाहन शहर को प्रतिदिन, जो साढ़े छह लाख लीटर पानी मिलता था, उसकी मात्रा बढ़कर सवा 11 लाख लीटर प्रतिदिन हो गई है। इसके अलावा खैरी उठाऊ पेयजल योजना पर पांच करोड़ रुपए की राशि खर्च की गई है, जिससे यह पेयजल लाइन जहां दुरुस्त हुई है, वहीं शहर की पेयजल समस्या से भी छुटकारा मिला है।

30 जरूरतमंदों को घर 409 युवाओं को ट्रेनिंग

प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत नगरपालिका परिषद नाहन को पहली बार 2.81 करोड़ रुपए की राशि केंद्र सरकार से प्राप्त हुई है। इस वर्ष 36 आवासों का निर्माण पूरा किया गया है तथा 93 लाभार्थियों द्वारा निर्माण कार्य आरंभ किया गया है। इसके अलावा स्किल ट्रेनिंग प्रोग्राम के अंतर्गत नाहन शहर के कुल 409 युवाओं को आत्मनिर्भर बनने के लिए ट्रेनिंग दी गई। मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के अंतर्गत 48 लोगों के लिए 67.21 लाख रुपए के लोन स्वीकृत किए गए हैं।

फाउंडरी कैंपस में नहीं हुआ अंतरंग सभागार का निर्माण

नाहन की ऐतिहासिक फाउंडरी कैंपस में पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान चार बीघा 11 बिस्वा भूमि पर 23.54 करोड़ रुपए की लागत से अंतरंग सभागार की स्वीकृति मिली थी। इसके लिए बाकायदा पांच करोड़ रुपए की राशि पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान जारी हो चुकी है तथा पांच करोड़ रुपए की राशि वर्तमान भाजपा सरकार के अवधि में जारी हुई है। बावजूद इसके अभी 10 करोड़ रुपए की राशि होने के बावजूद  लोक निर्माण विभाग इस ऑडिटोरियम व भाषा एवं संस्कृति विभाग के भवन का कार्य आरंभ नहीं कर पाया है।

मेडिकल कालेज का नहीं बन पाया भवन

कांग्रेस कार्यकाल के दौरान नाहन के लिए स्वीकृत प्रदेश के तीसरे सरकारी क्षेत्र के मेडिकल कालेज की नाहन में खोले जाने की घोषणा तत्त्कालीन मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने पूर्व कार्यकाल के दौरान नाहन में की थी। केंद्र सरकार से बाकायदा मेडिकल कालेज के निर्माण के लिए करोड़ों रुपए की घोषणा भी हो चुकी थी। मेडिकल कालेज में बैच आरंभ करने के लिए पूर्व में रिजनल अस्पताल नाहन के पुराने भवन में ही अस्थायी व्यवस्था लाखों रुपए की राशि खर्च कर की गई है। मेडिकल कालेज नाहन को आरंभ हुए करीब तीन वर्ष की अवधि बीत चुकी है।  वर्तमान में एमबीबीएस के 300 बच्चे प्रवेश ले चुके हैं। गत वर्ष केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिमला से मेडिकल कालेज का शिलान्यास रखा था।  पहली मार्च को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने  मेडिकल कालेज भवन का नाहन में भूमि पूजन किया है।

आठ साल बाद भी पेयजल योजना अधूरी, धूमल सरकार ने की थी घोषणा

नाहन शहर की करीब 40 हजार की आबादी के लिए पूर्व में तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार तथा उसके पश्चात कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान नाहन शहर की तीसरी गिरि नदी से करीब 54 करोड़ रुपए की लागत से तैयार होने वाली गिरि नदी उठाऊ पेयजल योजना के शिलान्यास के बाद करीब आठ वर्ष की अवधि हो चुकी है। यह योजना अभी भी पूरी नहीं हो पाई है। वर्तमान सरकार को सवा वर्ष की अवधि सत्ता में हो चुकी है, परंतु इस अवधि के दौरान भी विभिन्न प्रकार की अड़चने इस योजना के अंतिम पड़ाव में आ रही हैं। पूर्व में भाजपा व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान इस योजना के लिए 12-12 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत हुई थी तथा वर्तमान सरकार के कार्यकाल के दौरान भी करीब 20 करोड़ के आसपास की राशि इस योजना के लिए स्वीकृत हुई है।

नाहन को आदर्श विधानसभा क्षेत्र बनाने पर फोकस

हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष व नाहन के विधायक डा. राजीव बिंदल बताते हैं कि उनकी मुख्य प्राथमिकता नाहन विधानसभा क्षेत्र को आदर्श विधानसभा क्षेत्र बनाना है। डा. बिंदल ने बताया कि नाहन शहर क्योंकि प्रदेश में एक ऐतिहासिक शहर माना जाता है, ऐसे में नाहन शहर को हैरिटेज की श्रेणी में शामिल किए जाने की भी उनकी प्राथमिकता है। नाहन शहर में दशकों से सीवरेज की व्यवस्था नहीं है, ऐसे में 70.80 करोड़ रुपए की एक परियोजना नमामी गंगे के तहत केंद्र सरकार को भेजी गई है। नाहन शहर के ऐतिहासिक तालाबों का जीर्णोंद्धार होगा। नाहन विधानसभा क्षेत्र के युवाओं व बेरोजगारों को रोजगार के बेहतरीन साधन उपलब्ध हों, इसके लिए सरकारी व निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर विकसित किए जाएंगे। औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब क्योंकि नाहन विधानसभा क्षेत्र का हिस्सा है लिहाजा औद्योगिक क्षेत्र में उद्योगपतियों से स्थानीय युवाओें को रोजगार के अवसर देने की बात प्राथमिकताओं में शामिल है। शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सिंचाई योजनाओं को सुदृढ़ किया जाएगा। भाग्य रेखाओं के रूप में जानी जाने वाली सड़कों का जाल बिछाया जाएगा। नाहन शहर व विधानसभा क्षेत्र में बिजली की समस्या न हो, इस दिशा में व्यापक प्रयास किए जाएंगे। नाहन शहर की सबसे बड़ी समस्या पीने के पानी की थी। शहर की दोनों पुरानी पेयजल योजनाओं को करीब 12 करोड़ रुपए की लागत से सुदृढ़ किया गया है तथा 55 करोड़ रुपए की लागत से तैयार होने वाली गिरि पेयजल योजना को इसी वर्ष नाहन शहर के लोगों को समर्पित करना मुख्य प्राथमिकताओं में शामिल है।

साल में नाहन के लिए क्या लाए बिंदल

कांग्रेस जिला अध्यक्ष अजय सोलंकी का वार

प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार को करीब सवा वर्ष की अवधि हो चुकी है। इसके दौरान प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूर्ण रूप से अस्त व्यस्त हो गई है। प्रदेश में महिला अपराध बढ़ रहा है तथा कमजोर वर्ग की कोई सुनवाई नहीं है। सरकारी कार्यालयों में सरकार के एजेंट छुटभैया नेता के रूप में बैठे हैं, जिनसे न केवल अधिकारी व कर्मचारी परेशान हैं, बल्कि आम नागरिक भी चिंतित है कि आखिर उनका काम कब होगा।  कांग्रेस कार्यकाल के दौरान तैयार हो रही गिरि पेयजल योजना को जान-बूझकर लटकाया गया तथा मात्र एक प्रधान ने करीब एक वर्ष तक इस कार्य को रोक कर रखा। जिला परिषद भवन के समीप कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान मिनी सचिवालय का शिलान्यास किया गया था, परंतु वर्तमान में इस कार्य को लटकाया गया है। यहां तक कि आधारशिला भी मौके पर मौजूद नहीं है। नाहन के वर्तमान विधायक यह बताएं कि सवा वर्ष की अवधि में वह नाहन विधानसभा क्षेत्र के लिए क्या नया लेकर आए हैं। मेडिकल कालेज का निर्माण हो या नेशनल हाई-वे की मरम्मत का कार्य यह सभी कार्य पूर्व कांग्रेस सरकार के द्वारा दिए गए हैं। नाहन के विधायक ने स्थानीय लोगों के रोजगार के अवसर उद्योगों में समाप्त कर दिए हैं तथा पड़ोसी राज्यों के युवाओं को कालाअंब औद्योगिक क्षेत्र में रोजगार दिया जा रहा है। स्थानीय युवा अभी भी रोजगार की तलाश में भटक रहे हैं। नाहन शहर की सड़कों पर जो सीमेंट टाइल का कार्य किया जा रहा है वह बेहद ही घटिया स्तर का कार्य हो रहा है।

इंडोर स्टेडियम का निर्माण जारी

शिमला रोड, पुलिस लाइन में बनाई जा रही पार्किंग

नाहन शहर में सात करोड़ रुपए की लागत से इंडोर स्टेडियम का निर्माण किया जा रहा है, जिस पर छह करोड़ रुपए की राशि खर्च हो चुकी है। ऐतिहासिक नाहन फाउंड्री कैंपस में 23 करोड़ रुपए की लागत से अंतरंग सभागार तैयार होगा, जिसके लिए 10 करोड़ रुपए की राशि जारी हो चुकी है। नाहन शहर की महत्त्वाकांक्षी गिरि नदी पेयजल योजना इस वर्ष पूरी होनी है। इस योजना पर 47 करोड़ रुपए की राशि खर्च हो चुकी है तथा पांच करोड़ रुपए अप्रैल माह में इस योजना के लिए जारी कर दिए जाएंगे। नाहन बस स्टैंड पर बहुमंजिला पार्किंग के लिए छह करोड़ रुपए तथा बस स्टैंड के जीर्णोंद्वार के लिए एक करोड़ रुपए की राशि खर्च की जाएगी। नाहन के विधायक व विधानसभा अध्यक्ष डा. राजीव बिंदल के मुताबिक शिमला रोड पर पार्किंग के लिए 30 लाख रुपए, पुलिस लाइन में 40 लाख रुपए की लागत से पार्किंग तैयार की जा रही है। 6.44 करोड़ रुपए की लागत से नगरपालिका परिषद नाहन का नया भवन तैयार होगा। इसके अलावा नाहन विधानसभा क्षेत्र की 16 सिंचाई योजनाओं पर 13 करोड़ रुपए की राशि खर्च की जा रही है। 28 करोड़ रुपए का प्रोजेक्ट ब्रिक्स को भेज दिया गया है। मुख्य रूप से नावणी जमटा 2.20 करोड़, जमटा कतयाड़ दो करोड़, खजूरना गणेश का बाग तीन करोड़, खजूरना ढाकवाली तीन करोड़, खजूरना गाड्डा भुड्डी 1.70 करोड़, कालाअंब से खजूरना तक सड़क निर्माण तथा मारकंडा वैली के सौंदर्यकरण पर 12 करोड़ रुपए की राशि खर्च की जा रही है। इसके अलावा एशिया प्रसिद्ध सुकेती फॉसिल पार्क पर 23 करोड़ रुपए की राशि खर्च की जाएगी। सैनवाला बर्मापापड़ी मार्ग के सुधार पर छह करोड़ रुपए की राशि खर्च की जा रही है। डा. राजीव बिंदल ने बताया कि इस साल भुटडि़यों पुल का निर्माण दो करोड़ रुपए की लागत से किया जा रहा है तथा खैरी नाला पुल का निर्माण दो करोड़ रुपए, जबकि सलानी देवकी पुल साढ़े नौ करोड़ रुपए तथा मझाड़ा पुल का निर्माण साढ़े सात करोड़ रुपए की लागत से किया जा रहा है। वर्षों से लंबित नाहन विधानसभा क्षेत्र के अंधेरी पुल, जिसकी लागत करीब चार करोड़ रुपए आई है, का शिलान्यास सात मार्च को किया जाएगा। इसके अलावा धौलाकुआं से पड़दूनी मार्ग पर तैयार साढ़े आठ करोड़ रुपए से बना पुल नौ मार्च को लोगों को समर्पित किया जाएगा।