Tuesday, June 15, 2021 12:13 PM

हमीरपुर पहुंचा धान का 11 क्विंटल हाइब्रिड बीज

हमीरपुर के बल्यूट में एक परिवार को कहर बनकर टूटा कोरोना; शुक्रवार को छह जिंदगियां लील गया कोविड, लोगों में खौफ

स्टाफ रिपोर्टर- हमीरपुर जिला में कोरोना संक्रमण से शुक्रवार को छह लोगों की मौत हो गई। वहीं, कोरोना संक्रमण के 199 नए मामले सामने आए हैं। आरटीपीसीआर टेस्ट में 110 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हई जबकि 89 लोग रैपिड एंटीजन टेस्ट में पॉजीटिव पाए गए हैं। पंधेड़ पंचायत के तहत आने वाले बल्यूट गांव से संबंध रखने वाले 35 वर्षीय युवक ने संक्रमण के बाद शुक्रवार को दम तोड़ दिया। स्थिति नाजुक होने पर इसे घर से अस्पताल लाया जा रहा था, उसी दौरान रास्ते में इसकी मृत्यु हो गई। गुरुवार के दिन ही मृतक के पिता का भी निधन हुआ है। हालांकि वह कोरोना संक्रमित नहीं थे। अगले ही दिन बेटे की भी मौत हो गई। ऐसे में क्षेत्र में मातम पसर गया है। वहीं उपमंडल भोरंज के तहत आने वाले पांडवीं पंचायत के चौंतरा से 56 वर्षीय महिला की कोरोना संक्रमण के बाद मृत्यु हो गई। महिला को उपचार के लिए 12 मई को हमीरपुर अस्पताल ला गया था। यहां पर ही महिला ने 14 मई को अंतिम संास ली है। प्रशासनिक मौजूदगी में महिला को हथली श्मशानघाट पर अंतिम संस्कार किया गया है।

नादौन उपमंडल में शुक्रवार को कोरोना संक्रमण के कारण चार लोगों की मौत हो गई। इनमें दो महिलाएं तथा दो पुरुष हैं। मिली जानकारी के अनुसार उपमंडल की मण पंचायत के 52 वर्षीय व्यक्ति की हमीरपुर में मौत हुई है। यह जल शक्ति विभाग में कार्यरत थे। संक्रमित पाए जाने के बाद तबीयत खराब होने पर इन्हें हमीरपुर अस्पताल में दाखिल करवाया गया था। जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। दूसरा मामला पुतडिय़ाल पंचायत का है जहां 58 वर्षीय व्यक्ति की मौत हुई है। यह उपचार के लिए हमीरपुर गए थे जहां करोना जांच में संक्रमित पाए गए थे इन्हें घर पर ही संगरोध किया गया था। शुक्रवार सुबह अचानक तबीयत खराब होने से उनका देहांत हो गया। तीसरा मामला सपडोह पंचायत का है जहां की 40 वर्षीय महिला का पीजीआई में देहांत हुआ है। यह महिला परिवार सहित अपने मायके में ही रहती थी कुछ दिन पूर्व इनकी शुगर बढ़ गई थी जिस के उपचार के लिए यह ऊना के हरोली में दाखिल थी । लेकिन इसी दौरान तबीयत खराब होने पर उसे चंडीगढ़ पीजीआई रैफर किया गया था जहां गुरुवार शाम उनकी मौत हो गई। चौथा मामला नादौन के साथ लगती कोहला पंचायत का है जहां एक पूर्व पंच की पत्नी कि शुक्रवार दोपहर मौत हो गई। इस संबंध में एसडीएम विजय धीमान ने बताया कि चारों मृतकों का संस्कार ससंबंधित पंचायतों में कोविड नियमों के तहत कर दिया गया है।

ग्रांम पंचायत पट्टा की प्रधान गीता कोरोना संक्रमित परिवारों के लिए बनी मसीहा

स्टाफ रिपोर्टर- हमीरपुर नारी शक्ति किसी भी फील्ड में मौका मिलने पर स्वयं को साबित करने में कोई कसर शेष नहीं छोड़ती। बात किसी भी क्षेत्र की हो महिलाओं ने अपनी काबलियत व हिम्मत का लोहा मनवाया है। ऐसा ही कुछ देखने को मिला ग्राम पंचायत पट्टा में। बाहरी राज्यों से कामकाज की खोज में आए पट्टा पंचायत में पहुंचे प्रवासियों के परिवारिक सदस्य कोरोना संक्रमित निकले। इन प्रवासियों के लिए पट्टा पंचायत की प्रधान गीता देवी सबसे बड़ा सहारा बनी हैं। जैसे ही उन्हें इस बात का पता चला वैसे ही उन्होंने अपने खर्च पर इन प्रवासियों को राशन सामग्री वितरित की हैं। यही नहीं जैसे ही इस बात का आभास हुआ कि पंचायत के क्षेत्र में कोरोना संक्रमित लोग आ रहे हैं, वैसे ही सारी पंचायत को सेनेटाइज करने का निर्णय लिया।

महिला प्रधान ने अन्य पंचायत प्रतिनिधियों के सहयोग से पंचायत के हर वार्ड को सेनेटाइज करवाया है। शुक्रवार को पट्टा बाजार में यह सेनेटाइजेशन अभियान पूरा हुआ। यही नहीं अब पंचायत में निगरानी के लिए निगरानी कमेटी का गठन किया गया है। इसमें प्रधान, उपप्रधान सहित कई प्रबुद्ध लोगों को शामिल किया गया है। ये सभी मिलकर पंचायत में हो रही हलचल पर नजर रखेंगे। कोविड नियमों की पालना को सुनिश्चित करने के लिए कमेटी गठित की गई है। निगरानी समिति में प्रधान गीता देवी, उपप्रधान दिनेश सिंह ठाकुर, व्यापारी संजय कुमार, कैप्टन ध्यान सिंह सहित कुछ प्रबुद्धजन शामिल हैं। प्रधान गीता देवी ने बताया कि पंचायत के हरेक वार्ड को सेनेटाइज करने के साथ ही कई जगहों पर मास्क का वितरण किया गया है। उन्होंने बताया कि कोरोना संक्रमण के कुछेक मामले सामने आने के बाद एहतियात के तौर पर दो वेलेंटियर के माध्यम से पूरी पंचायत को सेनेटाइज किया गया है, ताकि पंचायत क्षेत्र को संक्रमणमुक्त किया जा सके।

नादौन में कोरोना संक्रमित परिवारों की मदद को आगे आए तीन युवक

कार्यालय संवाददाता- नादौन संकट की इस घड़ी में जहां कोरोना संक्रमितों की मौत के बाद उनके अंतिम संस्कार में समाज व रिश्तेदारों की बेरुखी के मामले सामने आ रहे हैं। वहीं, नादौन के तीन लोगों ने ऐसे मृतकों के परिजनों की सहायता के लिए अपने हाथ आगे बढ़ाए हैं। नादौन के परविंदर कटोच, अरुण भारद्वाज तथा मनोज कुमार ने एसडीएम विजय धीमान से आग्रह किया है कि उपमंडल में यदि कहीं कोई ऐसा मामला सामने आता है और वहां मृतक के अंतिम संस्कार में परेशानी आ रही हो तो वे तीनों अपनी सेवाएं देने के लिए तैयार हैं। कटोच तथा अरुण भारद्वाज ने बताया कि देहरा क्षेत्र में ऐसे ही एक मामले में शर्मसार हुई मानवता ने उन्हें अंदर तक झकझोर दिया है।

जहां एक बेटे ने तो अपनी माता के अंतिम संस्कार का फर्ज अदा कर दिया, परंतु समाज व अन्य करीबी लोग इनसानियत का परिचय नहीं दे पाए। परविंद्र कटोच सामाजिक संस्था बिटिया फाउंडेशन के प्रदेश महासचिव हैं। वहीं, अरुण भारद्वाज एक व्यवसाई हैं। उन्होंने कहा है कि यदि किसी को भी अंतिम संस्कार में कोई परेशानी हो तो वह उनके फोन नंबर 94182-00145, अरुण भारद्वाज 88945-18654 तथा मनोज के नंबर 98053-56788 पर संपर्क कर सकते हैं। वहीं, अरुण भारद्वाज ने बताया कि यदि उनके नंबरों पर संपर्क न हो तो वह एसडीएम कार्यालय में अपनी सूचना दे सकते हैं। इस संबंध में एसडीएम विजय धीमान ने बताया कि कठिन समय के दौरान तीन लोगों ने मदद की पेशकश कर सराहनीय पहल की है। उन्होंने बताया कि इस कार्य में प्रशासन की ओर से भी इन तीनों को पूरा सहयोग दिया जाएगा।

हमीरपुर में स्वास्थ्य विभाग ने दी जानकारी, 3,140 एक्टिव केस

स्टाफ रिपोर्टर- हमीरपुर जिला में कोविड-19 से संक्रमित 369 और लोगों ने कोरोना को मात दी है। इनमें से 357 लोगों ने होम आइसोलेशन में रहते हुए कोरोना को हराया है। स्वास्थ्य विभाग ने दी जानकारी। बुलेटिन के अनुसार जिला में 13 मई, 2021 सायं तक 10,677 व्यक्तियों में कोविड-19 संक्रमण की पुष्टि हुई है। राहत की बात यह है कि इनमें से 7,401 लोग स्वस्थ हो चुके हैं। गत दिवस 369 लोगों ने कोरोना को मात दी, जिनमें से गृह पृथकवास में रहने वाले 357, डीसीएचसी से 11 एवं डीसीसीसी से एक व्यक्ति स्वस्थ हुआ है। गुरुवार तक तक जिला में 3,140 सक्रिय मामले थे जिनमें से 2,994 लोग गृह पृथकवास में स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं।

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में प्रदेश सरकार इस महामारी से निपटने के लिए हर संभव कदम उठा रही है। गृह पृथकवास में रहने वाले लोगों के स्वास्थ्य का हाल-चाल जानने के लिए स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त स्थानीय प्रशासन एवं पंचायत प्रतिनिधियों को भी जिम्मेवारी सौंपी गई है। चिकित्सा अधिकारी एवं निगरानी अधिकारी पृथकवास में घर पर ही रहने वाले संक्रमित व्यक्तियों से लगातार संपर्क बना रहे हैं। उच्च प्रशासनिक अधिकारी भी इन लोगों से मिलने के लिए स्वयं फील्ड में जा रहे हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. आरके अग्निहोत्री ने बताया कि जिला में टेस्टिंग, ट्रेसिंग एवं ट्रीटमेंट पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। प्रतिदिन लगभग एक हजार नमूने एकत्र कर जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। गृह पृथकवास में रहने वाले लोगों का नियमित फॉलोअप लिया जा रहा है। एक डीसीएचसीए दो डीसीसीसी सहित मेडिकल कालेज में भी मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं।

नादौन। नादौन उपमंडल में शुक्रवार को कोरोना संक्रमण के कारण पांच लोगों की मौत हो गई। उपमंडल की मण पंचायत के 52 वर्षीय व्यक्ति की हमीरपुर में मौत हुई है। दूसरा मामला पुतडिय़ाल पंचायत का है जहां 58 वर्षीय व्यक्ति की मौत हुई है। तीसरा मामला सपडोह पंचायत का है जहां की 40 वर्षीय महिला का पीजीआई में देहांत हुआ है।

यह महिला परिवार सहित अपने मायके में ही रहती थी कुछ दिन पूर्व इनकी शुगर बढ़ गई थी जिस के उपचार के लिए यह ऊना के हरोली में दाखिल थी। लेकिन इसी दौरान तबीयत खराब होने पर उसे चंडीगढ़ पीजीआई रैफर किया गया था। जहां गुरुवार शाम उनकी मौत हो गई। चौथा मामला नादौन के साथ लगती कोहला पंचायत का है जहां एक पूर्व पंच की पत्नी कि शुक्रवार दोपहर मौत हो गई। यह संक्रमित पाए जाने के बाद घर पर ही संगरोध थ इस संबंध में एसडीएम विजय धीमान ने बताया कि चारों मृतकों का संस्कार ससंबंधित पंचायतों में कोविड नियमों के तहत कर दिया गया है।

किसानों को मिलेगी 50 फीसदी सबसिडी, ब्लॉक में 100 रुपए किलो के हिसाब से मिलेगा बीज

कार्यालय संवाददाता- हमीरपुर कृषि विभाग के पास धान का 11 क्विंटल हाईब्रिड बीज पहुंच गया है, जिसे ब्लॉकों को डिमांड के मुताबिक भेज दिया है, ताकि जिला के चुनिंदा किसानों को हाईब्रिड बीज घरद्वार के नजदीक मिल सके। किसानों को बीज पर 50 फीसदी अनुदान मुहैया करवाया जा रहा है, ताकि किसानों को बीज महंगा ना पड़े। बता दें कि कृषि विभाग ने जिला के चुनिंदा किसानों के लिए 11 क्विंटल हाईब्रिड बीज ब्लॉकों में पहुंचा दिया है, ताकि किसानों को घरद्वार के नजदीक बेहतर क्वालिटी का बीज मिल सके। हालांकि धान का अधिकतर बीज भोरंज ब्लॉक को भेजा गया है। यहां के किसान ही धान की खेती में रूचि दिखा रहे हैं।

किसानों को धान का बीज 100 रुपए किलो में मिलेगा। हालांकि विभाग को ये बीज 200 रुपए किलो में पड़ा है, जिसमें 50 फीसदी अनुदान देकर किसानों को वितरित किया जाएगा। कृषि विभाग की मानें तो किसान 20 किलो हाईब्रिड बीज की पनीरी एक हेक्टेयर या फिर 25 कनाल भूमि में लगा सकते हैं। अगर हाईब्रिड धान के बीज का रिजल्ट लोकल धान से अच्छा रहा, तो अगले वर्ष इससे अधिक धान का बीज मंगवाया जाएगा, ताकि जिला में जो लोग अभी भी धान की खेती में रूचि रखते हैं, वे कम जगह में अच्छी पैदावार हासिल कर सकें। क्योंकि हमीरपुर जिला के अधिकतर किसानों ने धान की खेती छोड़कर चरी व बाजरे की फसल पर ज्यादा फोकस कर रहे हैं। ऐसे में जिला की अधिकतर उपजाऊ भूमि चारे के लिए उपयोग हो रही है। क्योंकि जिला के लोग जंगली जानवरों के आंतक से खासे परेशान हैं। उनकी मेहनत पर जंगली जानवर हर वर्ष पानी फेर रहे हैं।

किसानों को 50 फीसदी मिलेगी सबसिडी

वहीं, उपनिदेशक, कृषि विभाग हमीरपुर डा. जीत सिंह ठाकुर ने कहा कि कृषि विभाग के पास धान का 11 क्विंटल हाइब्रिड बीज पहुंच गया है, जिसे ब्लॉकों को डिमांड के मुताबिक भेज दिया गया है। अधिकतर बीज भोरंज ब्लॉक को जारी किया गया है, ताकि किसानों को घरद्वार के नजदीक बेहतर क्वालिटी का बीज मिल सके। धान के बीज पर 50 फीसदी अनुदान दिया जा रहा है।