Sunday, March 07, 2021 05:35 PM

याद सदा मेरे बाबा साहिब दी कुर्बानी

दिव्य हिमाचल ब्यूरो- ऊना

सड़क दुर्घटनाओं के दौरान पीडि़तों की जान बचाने और उनकी मदद के लिए आगे आने वाले प्रत्यक्षदर्शियों और जिम्मेदार नागरिकों की व्यक्तिगत सुरक्षा तथा उनको प्रोत्साहित करने के लिए केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्रालय की ओर से अधिसूचना जारी की गई है। यह जानकारी आरटीओ रमेश चंद कटोच ने राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा जागरूकता एवं निरीक्षण अभियान के अंतर्गत ट्रक यूनियन मैहतपुर में एक कार्यशाला मे दी। उन्होंने बताया कि ने बताया कि कानूनी दांवपेच से बचने के लिए प्रायः सड़क दुर्घटना के दौरान प्रत्यक्षदर्शी घायल की मदद करने को आगे नहीं आते, जिसकी वजह से घायल की समय पर मदद नहीं हो पाती, लेकिन यह अधिसूचना दुर्घटना के दौरान मानवता का परिचय देने वालों का संरक्षण ही नहीं करती बल्कि ऐसे नेक नागरिक को प्रोत्साहित भी करती है। मददगार किसी सिविल या अपराधिक दायित्व के लिए जिम्मेवार नहीं  आरटीओ ने बताया कि अधिसूचना में सड़क दुर्घटनाओं के समय पीडि़त व्यक्ति की मदद करने वाले प्रत्यक्षदर्शियों एवं नेक नागरिकों की सुरक्षा और उन्हें प्रोत्साहित करने का प्रयास किया गया है।

उन्होंने बताया कि मददगार किसी सिविल या अपराधिक दायित्व के लिए उत्तरदायी नहीं होगा। अगर वह सड़क हादसे में घायल हुए व्यक्ति के बारे में पुलिस अथवा आपातकालीन सेवाओं को फोन द्वारा सूचित करता है तो वह फोन पर या व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर अपना नाम व व्यक्तिगत विवरण देने के लिए भी बाध्य नहीं होगा। उसके द्वारा अपना नाम, संपर्क विवरण सहित अन्य व्यक्तिगत विवरण बताए जाने को स्वैच्छिक तथा वैकल्पिक बनाया गया है। लोक अधिकारियों द्वारा उसे नाम तथा व्यक्तिगत विवरण देने के लिए बाध्य करने या धमकाने की स्थिति में उनके खिलाफ अनुशासनात्मक व विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। इसके अलावा यदि कोई नागरिक स्वैच्छिक रूप से उल्लेख करता है कि वह दुर्घटना का प्रत्यक्षदर्शी भी है तो ऐसी स्थिति में पुलिस द्वारा अथवा मुकद्दमे के दौरान यदि उसकी जांच अपेक्षित है, तो उससे एक बार ही पूछताछ की जाएगी। इसके लिए राज्य सरकार द्वारा मानक संचालन प्रक्रिया अपनाते हुए यह सुनिश्चित किया जाएगा कि प्रत्यक्षदर्शी को उत्पीडि़त या धमकाया न जाए। वहीं, रमेश कटोच ने बताया कि प्रत्यक्षदर्शियों और मदद के लिए आगे आने वाले नागरिकों की सुरक्षा के दृष्टिगत स्वास्थ्य संस्थानों पर लागू होने वाले दिशानिर्देश भी जारी किए गए हैं।

ऊना। आईजीएमसी शिमला में अनेक वर्षों से एलमाईटी ब्लेसिंग संस्था कैंसर रोगियों व उनके तीमारदारों के लिए लंगर लगा रही संस्था के समर्थन में ऊना जनहित मोर्चा ने एमसी पार्क में शाहिद स्मारक के पास दो घंटे शांतिपूर्ण धरना दिया। इस मौके पर श्रीराम लीला कमेटी के सदस्य उपस्थित रहे। इस संस्था को आईजीएमसी प्रशासन द्वारा प्रताडि़त किया जा रहा है, जिसके विरोध में संस्था के अध्यक्ष सर्बजीत सिंह बॉबी प्रदर्शन कर रहे हैं। वहीं उनके समर्थन में ऊना जनहित मोर्चा भी आगे आया ओर धरना देकर अपना समर्थन दिया। जनहित मोर्चा के अध्यक्ष राजीव भनोट ने कहा कि शांतिपूर्वक इस धरने में सदस्य शामिल हुए।

उन्होंने कहा हमारा मकसद सर्वजीत बॉबी का समर्थन करना है, ताकि आईजीएमसी प्रशासन उनकी प्रताडऩा न करें और लंगर व रेन बसेरे को विधिवत्त रूप से चलने दें। उन्होंने कहा कि रेन बसेरा पर किसी प्रकार की राजनीति नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि एक संस्था बेहतर काम कर रही है, उसको प्रोत्साहित करना चाहिए, न कि प्रताडि़त। उन्होंने कहा कि यदि कोई ओर संस्था लंगर लगाना चाहती है, तो उसे कहीं ओर स्थान दिया जाना चाहिए। पहले से सर्वजीत बॉबी द्वारा लगाए जा रहे लंगर को बंद करने का दुसाहस नहीं होना चाहिए। राजीव भनोट ने कहा कि समाजिक कार्यकर्ता समाज के लिए काम करते हैं, उन्हें परेशान नही करना चाहिए। इस अवसर पर दिनेश गुप्ता, राजीव विशिष्ट, नवीन हंस, मनोहर लाल, संदीप कश्यप, राजन पुरी, अश्विनी कुमार, राजेश दत्ता, बलविंद्र गोल्डी, नवदीप कश्यप, शिवकुमार सांभर, राजकुमार पठानिया, नीतीश, ज्योति लाल बग्गा, विशाल व लखबीर लकी सहित अन्य सदस्य भी शामिल रहे।

इंदिरा स्टेडियम में 16 मार्च तक चलेगी भर्ती रैली, पंजीकरण करने की प्रक्रिया 13 फरवरी तक

दिव्य हिमाचल ब्यूरो- ऊना

भर्ती निदेशक सेना भर्ती कार्यालय हमीरपुर संजीव कुमार ने बताया कि इंदिरा गांधी खेल मैदान ऊना में 1 मार्च से 16 मार्च, 2021 को सेना भर्ती आयोजित की जा रही है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करने की प्रक्रिया आरंभ हो गई है। उन्होंने बताया कि भर्ती में भाग लेने के लिए 13 फरवरी, 2021 तक पंजीकरण करवाया जा सकता है।

उन्होंने बताया कि यह भर्ती सैनिक सामान्य ड्यूटी, सैनिक तकनीकी, सैनिक लिपिक/स्टोर कीपर तकनीकी वर्ग के लिए हमीरपुर, बिलासपुर और ऊना के लिए होगी। इसके अलावा धर्म गुरू (आर टी जेसीओ) और हवलदार (एसएसी) वर्ग के लिए सभी हिमाचल प्रदेश, यूटी चंड़ीगढ और हरियाणा के गुरुग्राम, मेवात, पलवल और फरीदाबाद के जिलों को छोड़कर सभी उम्मीदवार भर्ती में भाग ले सकते है। रैली का संचालन  कोविड-19 से संबंधित सरकारी दिशानिर्देशों के अनुसार किया जाएगा। आवेदन करने एवं अधिक जानकारी के लिए उम्मीदवार सेना भर्ती के वेबसाइट पर संपर्क कर सकते हैं।

श्री गुरु रविदास मंदिर में जोड़ मेले के दौरान गायक भुपिंद्र माही ने श्रद्धालुओं को नाचने पर किया मजबूर

स्टाफ रिपोर्टर-संतोषगढ़

स्थानीय ऐतिहासिक श्री गुरु रविदास मंदिर में जोड़  मेले का आयोजन किया गया। इस बार कोविड-19 महामारी के चलते एक दिन का ही कार्यक्रम करवाया गया। 15वां जोड़ मेला गुरु रविदास जोड़ मेले के चेयरमैन प्रीतम चंद संधु को  समर्पित किया गया है। जिसमें भीम आर्मी के संस्थापक एडवोकेट चंद्र शेखर आजाद ने मुख्यातिथि के रूप में शिरकत की। शुक्रवार को श्रद्धालुओं ने मंदिर में शीश नवाया। सुबह झंडा रस्म अदा कर उसके उपरांत आदि प्रकाश रतनसागर के भोग डाले गए। जोड़ मेले का आगाज कीर्तनी सतनाम सिंह हुसैनपुर ने जिदी पथरी दे धले गंगा बगदी दीवाने सारे ओस रव दे, ऐसी लाल तुझ बिन कौन करे, न भुलेओ रखेओ याद सदा मेरे बाबा साहिब दी कुर्बानी, लगजे जी धर्म ते लेखे जींद मेरी लग जे, उसके बाद पंजाब के गायक भूपिंद्र माही सगल पवन के नायिका इक छीन दर्शन दिखाए जी, सुन दुखिया दी फरियाद रविदास प्रस्तुतियों से उपस्थित सैकड़ों को नाचने पर मजबूर कर दिया। इस अवसर पहुंची संगत ने गुरु के लंगर का प्रसाद भी ग्रहण किया।

ये रहे कार्यक्रम में मौजूद

जोड़ मेले के संयोजक गढ़शंकर के पूर्व विधायक शिंगारा राम सहूंगढा, गुरु रविदास धार्मिक सभा के प्रधान बलवीर बबलू, वरिष्ठ उपप्रधान कश्मीरी लाल सिंघा, सचिव बलराम महे, उपप्रधान अमरजीत सिंघा, चीफ पैटर्न सुखराम, नरेश सिंघा, नवीन, महेश सहजल, जीपु थिंड, सुलिंद्र सिंह, हिमाचल प्रदेश डा. भीमराव अंबेडकर सोसायटी संतोषगढ़ प्रधान सुलिंद्र नाथ, पूर्व पार्षद रविकांत बस्सी, भीम सेना हिमाचल के संयोजक हनीश बंगड़, भीम आर्मी पंजाब प्रधान अश्वनी धगोड़, भीम आर्मी हिमाचल प्रभारी हितेश माही, नगर परिषद अध्यक्ष निर्मला देवी, उपाध्यक्ष रजनीश चब्बा, पार्षद संतोख सिंह, पार्षद मनीष चब्बा, पार्षद एडवोकेट संदीप कुमार, पार्षद मंजु सैणी, पार्षद किरण वाला, वचन चंद पटेल, तरसेम लाल, सुरिंद्र बस्सी, वरिंद्र नाथ, नवीन व गणमान्य उपस्थित रहे।