Friday, August 14, 2020 07:22 AM

एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी में रेगुलर पढ़ाई, पर घर बैठ कर

विश्वविद्यालय में 123 पाठ्यक्रमों की नियमित क्लासेज, सोशल मीडिया से एक हजार ऑनलाइन व्याख्यान वितरित

पालमपुर-कोविड-19 में बनीं परिस्थितियों ने अकादमिक कार्यक्रम और नौकरी की संभावनाओं पर अनिश्चितता के कारण युवाओं को एक विचित्र स्थिति में धकेल दिया है। प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय ने छात्रों को वर्तमान शैक्षणिक वर्ष के पाठ्यक्रम कार्य को पूरा करने के लिए तैयार करने और भविष्य के ज्ञान-गहन और प्रौद्योगिकी संचालित कार्य वातावरण के लिए प्रेरित करने की दृष्टि से ऑनलाइन मंच प्रदान करने का प्रयास किया। इसने ग्रामीण कृषि कार्य के अनुभव को जारी रखा, अंतिम वर्ष के  कृषि और पशु चिकित्सा के अस्पतालों में पशु चिकित्सा अस्पतालों में इंटर्नशिप और साथ ही साथ उनके डिग्री कार्यक्रमों को समय पर पूरा करने के लिए और साथ ही प्रवेश अधिसूचना जारी की और यूजीसी और आईसीएस कार्यक्रम के अनुसार शैक्षणिक सत्र शुरू करने के लिए ऑनलाइन आवेदन स्वीकार किए गए। 123 स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों की नियमित ऑनलाइन कक्षाएं आयोजित की गईं। अलग-अलग सोशल मीडिया जैसे कि गूगल मीट, गूगल क्लासरूम, जूम व व्हाट्सऐप इत्यादि का उपयोग करते हुए लगभग एक हजार ऑनलाइन व्याख्यान कालेज ऑफ एग्रीकल्चर के संकाय द्वारा वितरित किए गए। स्नातक और स्नातकोत्तर दोनों कार्यक्रमों के ऑनलाइन मोड को अन्य घटक कालेजों में भी जारी रखा गया। इस अवधि के दौरान विभिन्न विश्वविद्यालयों और संगठनों द्वारा संबंधित विषय पर आयोजित विभिन्न वेबिनार में भाग लेने के लिए छात्रों को सलाह दी गई और निर्देशित किया गया। डा.जीसी नेगी कालेज ऑफ  वेटरिनरी एंड एनिमल साइंस विषय पर ऑनलाइन साहित्यिक प्रतियोगिता आयोजित की और विजेताओं का चयन किया गया। इसी का परिणाम है कि प्रदेश के राज्यपाल और विश्वविद्यालय के चांसलर बंडारू दत्तात्रेय ने महामारी के दौरान छात्रों और कृषक समुदाय के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ देने के लिए कुलपति को प्रशंसा पत्र भेजा है। प्रदेश कृषि विवि ने परीक्षाओं के संबंध में सरकार को एक विस्तृत प्रस्ताव भेजा है और सरकार के निर्देशों के अनुसार कार्य करेगा।

ऑनलाइन मूल्यांकन की तैयारी

प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय में बीएससी आनर्स कृषि, गृह विज्ञान, बीटेक (फूड टेक्नोलॉजी) व बीएससी (आतिथ्य व होटल प्रशासन) के अंतिम वर्ष के छात्रों की सुविधा के लिए उनके इंटरनशिप/ग्रामीण कृषि कार्य अनुभव/ ईनप्लांट प्रशिक्षण/औद्योगिक प्रशिक्षण का मूल्यांकन ऑनलाइन माध्यमों से होगा, ताकि छात्रों के परीक्षा परिणाम समय पर घोषित हो सके।

नए सत्र की प्रवेश परीक्षा का खाका तैयार

सत्र 2020-21 में विभिन्न महाविद्यालयों में प्रवेष परीक्षा की डेट कोविड-19 महामारी के कारण बढ़ानी पड़ रही है। स्नातक व स्नातकोतर स्तर की प्रवेश परीक्षा के लिए आवेदन ऑनलाइन प्राप्त किए जा रहे हैं। इस समय तक करीब 12 हजार आवेदन प्रदेश कृषि विवि को मिल चुके हैं।

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