Monday, October 18, 2021 05:18 PM

Narendra Giri Death Case: महंत को बाघंबरी गद्दी मठ में दी भू-समाधि, साल बाद बनेगा मंदिर

प्रयागराज। साधु-संतों की सर्वोच्च संस्था अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरी को बुधवार को श्रीमठ बाघंबरी गद्दी में भू-समाधि दी गई। सुसाइड नोट में उनकी अंतिम इच्छा थी कि समाधी श्रीमठ बाघंबरी गद्दी पार्क में नीबू के पेड़ के पास गुरु जी के बगल दी जाए। अखाड़े के बड़े संत और महात्माओं ने उनकी अंतिम इच्छा का सम्मान करते हुए उसी स्थान पर वेद मंत्रो के साथ सभी 13 अखाडों के बडे संत, महंत और साधु-सतों की उपस्थिति में भू-समाधि दी गई।

महंत को 12 फिट के गढ्ढे में तैयार गुप्त द्वारनुमा स्थान में सिद्ध योग मुद्रा में घंटे-घडियाल और मंत्रोचार के बीच समाधि में बैठाया गया। विभिन्न अखाड़ों के महामंडलेश्वर, आचार्य और बड़े महात्माओं ने उनके पार्थिव शरीर पर पुष्पांजलि और माल्यार्पण किया। उनके पास उनके नित्य पूजा की अपयोग की सभी वस्तुओं को रखा गया। महंत के भू समाधि में अखाड़ों के महामंडलेश्वर, आचार्य और बड़े संत महात्माओं ने वैष्णव सम्प्रदाय के परंपराओं को ध्यान में रखकर विधि विधान का पालन करते हुए शंखनाद के बीच क्रमश: पुष्प, नमक, चीनी, घी, दूध, बिलपत्र पंचामृत आदि भू समाधि डाले गए।

एक लंबी प्रक्रिया के बाद अखाड़े से जुड़े सभी लोगों ने मिट्टी से गड्ढे को ढ़कने की प्रकिया पूरी की। अंत में समाधि स्थल को गोबर से लेपन किया गया। इन सभी कार्यों में करीब दो घंटे का समय लगा। इस दौरान महंत नरेंद्र गिरी की जयजयकार की जा रही थी। मंहत नरेंद्र गिरी के पार्थिव शरीर को जिस स्थान पर भू समाधि दी गई है, उसी स्थान पर एक त्रिशूल गाड़ा जाएगा। एक साल के बाद उस स्थान पर पक्का मंदिर बनाया जाएगा।