Tuesday, November 30, 2021 09:32 AM

वन रैंक वन पेंशन कांग्रेस की देन

ऑल इंडिया पूर्व सैनिक लीग के समन्वयक कैप्टन प्रवीण डाबर ने मनमोहन सरकार को बताया हितैषी

दिव्य हिमाचल ब्यूरो-मंडी ऑल इंडिया पूर्व सैनिक लीग के समन्वयक एवं 1971 की लड़ाई की गोल्डन जुबली आयोजन के संयोजक कैप्टन प्रवीण डाबर ने कहा कि वन रैंक वन पेंशन कांग्रेस की मनमोहन सरकार के समय में लागू की गई है। जबकि मोदी सरकार ने सत्ता में आने के बाद एक साल तक इसे लागू नहीं किया। मंडी में पत्रकारों से बात करते हुए कैप्टन प्रवीण डाबर ने कहा कि मोदी सरकार पूर्व सैनिकों को वन रैंक वन पेंशन के नाम पर गुमराह कर रही है। उन्होंने माना कि मोदी ने भी पूर्व सैनिकों के लिए बहुत कुछ किया है। लेकिन इसमें सत्तर फीसदी हिस्सा कांग्रेस की मनमोहन सरकार ने किया है, जबकि तीस प्रतिशत मोदी सरकार की देन है।

उन्होंने कहा कि 1971 की लड़ाई की गोल्डन जुबली जिला, राज्य व राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित की जा रही है। उन्होंने बताया कि 16 दिसंबर को राष्ट्रीय स्तर पर विजय दिवस का आयोजन किया जाएगा। इससे पूर्व जिला और राज्य स्तर के आयोजन किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश में नौ जुलाई से जिला स्तरीय बैठकों का आयोजन किया जाना था, लेकिन पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के निधन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था। अब गत दिवस 20 जुलाई से कुल्लू जिला से इसकी शुरूआत कर दी गई है। जहां ब्रिगेडियर टीएस ठाकुर की अध्यक्षता में जिला स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। उन्होंने बताया कि इन बैठकों में बंगलादेश के निर्माण और 1971 की लड़ाई के इतिहास के बारे में बताया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सेना के सेवानिवृत अधिकारियों को राजनीति में नहीं आना चाहिए। क्योंकि वे राजनीति में अपने को ढाल नहीं पाते हैं। उन्होंने कहा कि सबसे ज्यादा सेक्ल्यूर भारतीय सेना है। लेकिन भाजपा फि रका परस्त पार्टी है। क्योंकि यह आरएसएस द्वारा संचालित की जाती है। उन्होंने कहा कि आरएसएस वाले अपनी गलती नहीं मानते हैं। इसके विपरीत कांग्रेस वाले अपनी गलती मान कर उसमें सुधार करने का प्रयास करते हैं। इस अवसर पर ब्रिगेडियर टीएस ठाकुर, जोगिंद्र गुलेरिया, आकाश शर्मा व चंद्रशेखर आदि मौजूद रहे।