Friday, September 24, 2021 06:24 AM

जहां पानी कम, वहां बनाएंगे टैंक

जल भंडारण योजना के अंतर्गत आयोजित बैठक में उपायुक्त आशुतोष गर्ग बोले, जल भंडारण टैंकों के लिए निरमंड में चिन्हित किए जाएंगे स्थान

कार्यालय संवाददाता-कुल्लू जल भंडारण योजना के अंतर्गत जिला में पानी की अत्यधिक कमी वाले आनी तथा निरमंड के क्षेत्रों में उचित स्थलों को चिन्हित कर जल भंडारण टैंकों (आधारभूत ढांचे) का निर्माण किया जाएगा। इस संबंध में शुक्रवार को उपायुक्त आशुतोष गर्ग की अध्यक्षता में कुल्लू में बैठक आयोजित की गई, जिसमें बन विभाग सहित जल शक्ति, ग्रामीण विकास, कृषि तथा बागबानी विभाग के अधिकारियों ने भाग लिया। उपायुक्त ने कहा कि योजना का मुख्य उद्देश्य जिला में ऐसे क्षेत्रों में बड़ी क्षमता के जल भंडारण टैंकों (आधारभूत ढांचे) का निर्माण करना है, जहां पानी की अत्यधिक कमी है।

इससे जहां लोगों को सिंचाई के लिए सुविधा मिलेगी तथा भूमि में भी नमी की पर्याप्त मात्रा बनी रहेगी। इसके लिए वन विभाग को मंडल स्तर पर वन मंडलाधिकारी की अध्यक्षता में उपरोक्त सभी संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर मंडल स्तर पर कमेटी का गठन करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि इसके लिए सभी विभाग मिलकर खंड स्तर पर कम से कम चार स्थानों को चिन्हित कर अगस्त माह तक प्राक्कलन इत्यादि तैयार कर लें, ताकि सितंबर माह में इनके निर्माण कार्य को शुरू किया जा सके। बैठक में पंचवटी योजना के तहत पंचायतों तथा स्थानीय स्तर पर पार्कों को विकसित करने पर भी चर्चा की गई। इससे बच्चों को खेलने तथा आम लोगों तथा वृद्धजनों को सुबह तथा शाम टहलने की सुविधा मिलेगी। नेचरपार्क की तरह इन पार्कों में औषधीय तथा सजावटी पौधे भी लगाए जाएंगे। स्थानीय स्तर पर कमेटी बनाई जाएगी, जो इसकी देख-रेख करेगी। जिला के आनी तथा निरमंड क्षेत्रों में पानी की अधिक समस्या हैए अत: इन क्षेत्रों में जल भंडारण आधारभूत ढांचों के निर्माण को लेकर प्राथमिकता प्रदान करने को कहा गया। इस अवसर पर डीसीएफ (जीएचएनपी) निशांत मल्होत्रा, डीसीएफओ (पार्वती) ऐश्वर्य राज, एसीएफ मनोज, डीएफ ओ एंजल चौहान, डीएफओ वन्य जीव राकेश कुमार, परियोजना अधिकारी एवं उपनिदेशक (डीआरडीए) सुरजीत सिंह ठाकुर, अधिशाषी अभियंता जल शक्ति विभाग अरुण शर्मा, हरि प्रकाश भारद्वाज, हाईड्रोलॉजिस्ट गोपाल शर्मा, जिला परियोजना अधिकारी, एचएस पाल, एसएमएस (कृषि) पूर्ण चंद, उपमंडलीय मृदा संरक्षण अधिकारी मनोज गौतम, एसएमएस (बागबानी प्रेम चंद तथा माइनिंग निरीक्षक महेंद्र सिंह भी उपस्थित रहे।